
नईदुनिया प्रतिनिधि, इंदौर। अनंत चतुर्दशी चल समारोह में ध्वनि प्रदूषण को नियंत्रित करने के लिए इस बार प्रत्येक झांकी पर अधिकतम दो स्पीकर लगाए जा सकेंगे। इससे अधिक स्पीकर लगाए जाने पर वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। समारोह में डीजे पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा। यह व्यवस्था माननीय उच्चतम न्यायालय के निर्देशों के अनुरूप लागू रहेगी। यह निर्देश सोमवार को कलेक्टर शिवम वर्मा ने अपने कार्यालय में झांकी एवं अखाड़ा संचालकों की बैठक में दिए।
कलेक्टर शिवम वर्मा ने कहा कि अनंत चतुर्दशी का चल समारोह इंदौर की गौरवशाली परंपरा है। इसमें झांकियों के साथ अखाड़ों के कलाकार अपनी पारंपरिक कलाओं एवं कौशल का प्रदर्शन करते हैं। समारोह को देखने बड़ी संख्या में शहरवासी पहुंचते हैं। इसलिए ऐसी व्यवस्था सुनिश्चित की जा रही है, जिससे दर्शकों को सुगमता रहे और झांकियों एवं अखाड़ों का आवागमन भी निर्बाध रूप से हो सके।
हर साल की तरह इस बार भी झांकियों और अखाड़ों के लिए निर्धारित समय का अनिवार्य रूप से पालन करवाया जाएगा। इसके अलावा मंचों के समक्ष अखाड़ों को निर्धारित समय में ही अपना प्रदर्शन पूरा करना होगा। निर्णायक मंच के समक्ष निर्धारित समय से अधिक प्रदर्शन करने पर नेगेटिव मार्किंग एवं अंक काटे जाएंगे।
बैठक में झांकियों की ऊंचाई को व्यवस्थित रखने तथा मंचों की चौड़ाई निर्धारित मानकों के अनुरूप रखने पर भी चर्चा हुई, ताकि चल समारोह के दौरान आवागमन में किसी प्रकार की बाधा उत्पन्न न हो और दर्शकों को भी झांकियां देखने में सुविधा रहे। उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले अखाड़ों को प्रमाण-पत्र के साथ नगद पुरस्कार राशि प्रदान की जाएगी।
बैठक में निर्णय लिया गया कि झांकियों का क्रम पूर्ववत ही रहेगा। झांकियां शाम 6 बजे से प्रारंभ होंगी। पहली झांकी श्री खजराना गणेश मंदिर की रहेगी। इसके पश्चात श्री शास्त्री कॉर्नर नवयुवक मंडल छोटा गणपति मंदिर चौराहा, इंदौर विकास प्राधिकरण, इंदौर नगर निगम, होप टेक्सटाइल (भंडारी मिल), कल्याण मिल, मालवा मिल, हुकूमचंद मिल, स्वदेशी मिल, राजकुमार मिल और स्पूतनिक ट्यूटोरियल एकेडमी की झांकियां निकलेंगी।
चल समारोह मिल क्षेत्र से प्रारंभ होकर मजदूर मैदान, भंडारी मिल श्रम शिविर, देवी अहिल्या मार्ग, एमजी रोड, कृष्णपुरा, नंदलालपुरा, जवाहर मार्ग, नृसिंह बाजार चौराहा, शीतलामाता बाजार, गोराकुंड, खजुरी बाजार से राजवाड़ा होकर वापस अपने मिल में पहुंचेगी। नई झांकी को शामिल नहीं किया जाएगा।
झांकी एवं अखाड़ों के साथ निर्धारित संख्या में ही ठेला गाड़ी और अन्य वाहन रहेंगे। प्रत्येक अखाड़े के साथ अधिकतम एक बैलगाड़ी एवं एक ठेला गाड़ी से अधिक वाहन नहीं रहेंगे। यदि असीमित संख्या में घोड़ा गाड़ी, ठेले निकलते हैं तो उन्हें रोका जाएगा। हाथी, ऊंट आदि को सम्मिलित करने की अनुमति नहीं दी जाएगी।
अखाड़े किस झांकी से संबंधित हैं, इसकी जानकारी सहायक पुलिस आयुक्त द्वारा रखी जाएगी। निर्देश दिए गए कि अखाड़े के सदस्यों द्वारा अखाड़े का नाम अंकित की हुई बनियान, पोशाक, बैज उपलब्ध करवाए जाएं, जिससे अखाड़े के सदस्यों को पहचाना जा सके। अखाड़े के सदस्यों को नियंत्रित करने की जवाबदारी खलीफा/उस्ताद की रहेगी।
अखाड़ा प्रमुख व चल समारोह आयोजन समिति यह सुनिश्चित करेगी कि उनके सम्मिलित व्यक्ति किसी तरह नशा या मद्यपान न करें। यदि कोई व्यक्ति नशा करता हुआ पाया जाता है तो, संबंधित पुलिस अधिकारी द्वारा उसे जुलूस से बाहर किया जाएगा। अखाड़े में धारदार हथियार लेकर चलना वर्जित होगा। अखाड़े के खलीफा तलवार को केवल प्रतीक के रूप में लेकर जुलूस में रहेंगे। अखाड़े में हॉकियां या अन्य घातक हथियार किसी के पास पाया गया तो पुलिस द्वारा उसे जब्त किया जाएगा।
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