
नईदुनिया प्रतिनिधि, इंदौर : मुंबई काशीगांव पुलिस ने खातीवाला टैंक में रहने वाले हाईप्रोफाइल बुकी आदेश राजपाल को बार डांसर की शिकायत पर गिरफ्तार किया है। आरोप है कि बार डांसर को पहले कथित तौर पर अपने जाल में फंसाया, फिर बातचीत बंद करने पर उसकी निगरानी शुरू कर दी।
उसको आपत्तिजनक वीडियो और एआई से तैयार फोटो के जरिए बदनाम किया गया। पुलिस ने आदेश को दो दिन पूर्व नामी क्लब में दबिश देकर गिरफ्तार कर लिया। पीड़िता ने मुंहबोले भाई को अगवा करने के लिए सुपारी देने की बात वाले आडियो भी पुलिस को सौंपे है। गिरफ्तारी के बाद जांच के लिए पुलिस टीम गुरुवार को इंदौर भी पहुंची।
काशीगांव पुलिस के एसआई सुभाष कांबले के अनुसार आदेश पुत्र प्रीतपाल सिंह की पीड़िता से लॉकडाउन के दौरान पहचान हुई थी। दोनों के बीच दोस्ती के बाद संबंध बने। बाद में आदेश की कथित हरकतों से परेशान होकर पीड़िता ने उससे बातचीत बंद कर दी।
पुलिस के मुताबिक इसके बाद भी आदेश ने उसका पीछा नहीं छोड़ा। आरोप है कि उसने पीड़िता के परिचितों और ग्राहकों की जानकारी जुटाने के लिए उनकी निगरानी करवाई। काल डिटेल के आधार पर उसके परिवार के सदस्यों को फोन कर धमकाने का भी आरोप है।
मामले में एक और चौंकाने वाला पहलू सामने आया है। आदेश ने एआइ की मदद से बार डांसर की तस्वीर तैयार कर उसे बदनाम करने की कोशिश की। पीड़िता ने मीरा-भाईंदर वसई विरार पुलिस आयुक्तालय में शिकायत की थी। इसके बाद जांच आगे बढ़ी और करीब दो दिन पहले पुलिस टीम ने आदेश को एक क्लब से गिरफ्तार किया।
पुलिस के मुताबिक जांच के दौरान एक आडियो सामने आया है, जिसमें आदेश कथित तौर पर पीड़िता के मुंहबोले भाई को ही हत्या और बार डांसर को क्षति पहुंचाने की सुपारी देने की बात कर रहा है। पुलिस इस आडियो की सत्यता और उसमें शामिल लोगों की भूमिका की भी जांच कर रही है।
गिरफ्तारी के बाद पीड़िता थाने पहुंची और आदेश के खिलाफ अपने बयान दर्ज कराए। उसने आरोप लगाया कि आदेश ने वीडियो काल के दौरान उसके आपत्तिजनक वीडियो बनाए और उन्हें प्रसारित करने की धमकी देकर ब्लैकमेल किया।
पीड़िता ने पुलिस को यह भी बताया कि आदेश कथित तौर पर सट्टे का काम करता है और नशीले पदार्थों का सेवन करता है। उसने दावा किया कि आदेश को गुटखा के पाउच में नशीला पदार्थ लेते हुए देखा था। इन आरोपों की भी पुलिस जांच कर रही है।
आदेश पर लगे दुष्कर्म, ब्लैकमेलिंग, धमकी और सुपारी से जुड़े आरोपों की जांच मुंबई पुलिस कर रही है। इंदौर पहुंची टीम ने कॉल डिटेल, स्थानीय संपर्कों और अन्य तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर जांच आगे बढ़ाई है। आदेश को कांग्रेस नेता का रिश्तेदार भी बताया जा रहा है।