
नईदुनिया प्रतिनिधि, इंदौर। शहर की यातायात व्यवस्था को बेहतर करने वाली एमआर-4 और आरडब्ल्यू-1 सड़कें लगभग तैयार हो गई हैं। एक-दो स्थान पर कुछ रुकावटें हैं, लेकिन यहां पर आधी सड़क तैयार है। इन दोनों सड़कों के शुरू होने से शहर के प्रमुख परिवहन केंद्रों के बीच आवाजाही आसान होने के साथ ही पश्चिमी इंदौर से उज्जैन रोड और एमआर-10 की ओर जाने वाले वाहनों को भी वैकल्पिक मार्ग मिलेगा। अभी इस दिशा में जाने वाले कई वाहनों को विजय नगर क्षेत्र से होकर गुजरना पड़ता है, जिससे प्रमुख चौराहों पर यातायात का दबाव रहता है।
नई सड़कें सरवटे बस स्टैंड, इंदौर रेलवे स्टेशन, लक्ष्मीबाई नगर रेलवे स्टेशन और कुमेड़ी आइएसबीटी को बेहतर कनेक्टिविटी देंगी। इससे बस या ट्रेन से सफर करने वाले यात्रियों के लिए एक परिवहन केंद्र से दूसरे केंद्र तक पहुंचना आसान होगा। खासतौर पर कुमेड़ी आइएसबीटी के शुरू होने के बाद यहां पर आने-जाने वाले यात्रियों को शहर के मध्य क्षेत्र और रेलवे स्टेशन तक पहुंचने के लिए अधिक सुविधाजनक मार्ग मिलेगा।
इन दोनों सड़कों को शहर के परिवहन नेटवर्क की महत्वपूर्ण कड़ी माना जा रहा है। एक ओर जहां ये मध्य क्षेत्र को पूर्वी और उत्तरी हिस्सों से जोड़ेंगी, वहीं दूसरी ओर पश्चिमी क्षेत्र से आने-जाने वाले वाहनों को सीधा विकल्प उपलब्ध कराएंगी। इससे यात्रियों के समय और ईंधन दोनों की बचत हो सकती है।

पश्चिमी इंदौर और बायपास क्षेत्र से वाहनों को उज्जैन रोड तक जाने के लिए लंबा चक्कर लगाते हुए पहुंचना पड़ता था। यह वाहन विजय नगर और बापट चौराहा सहित आसपास के मार्गों से होकर उज्जैन रोड तक आते थे। एमआर-4 और आरडब्ल्यू-1 सड़क के तैयार होने का बड़ा फायदा पश्चिमी क्षेत्र में रहने वालों को भी मिलेगा। इनको शहर के व्यस्त हिस्सों में अनावश्यक प्रवेश किए बिना उज्जैन रोड पहुंचने की बेहतर कनेक्टिविटी मिल सकेगी।
एमआर-4 और आरडब्ल्यू-1 का अधिकांश हिस्सा तैयार हो चुका है, लेकिन दो स्थानों पर बाधाएं कायम हैं। एमआर-4 के लक्ष्मीबाई नगर रेलवे स्टेशन के सामने वाले हिस्से का निर्माण अटका हुआ है। यहां पर 80 मकानों को हटाया जाना है, इसके बाद सड़क का निर्माण होगा। अभी एक लेन सड़क से यातायात निकल रहा है। वहीं आरडब्ल्यू-1 में एक स्थान पर फैक्ट्री की बाधा है। इसलिए एक लाइन तैयार हो चुकी है, जबकि दूसरी का निर्माण कार्य होना शेष है।
इन दोनों सड़कें पश्चिम क्षेत्र के लोगों के लिए तो उपयोगी होगी, साथ ही विजय नगर, सुखलिया, एमआर-10, सिंगापुर टाउनशिव, कुमेड़ी और भांग्या आदि क्षेत्र के रहवासियों के लिए भी बेहतर विकल्प बनेगी। इस सड़क के कारण इन क्षेत्रों में रहने वाले लोग आसानी से रेलवे स्टेशन और राजवाड़ा तक पहुंच सकेंगे। वर्तमान में इन क्षेत्रों के लोगों को बीआरटीएस, एमजी रोड के सघन यातायात से गुजरना पड़ता है।