
नईदुनिया प्रतिनिधि, इंदौर। मप्र को निवेश एवं निर्यात आधारित औद्योगिक केंद्र के रूप में विकसित करने की दिशा में एक और महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल हुई है। इंदौर स्पेशल इकोनॉमिक जोन (एसइजेड) की यूनिट अप्रूवल कमेटी (यूएसी) की बैठक हुई।
बैठक में कुल 2,245.50 करोड़ के निवेश प्रस्तावों को स्वीकृति प्रदान की गई। इन निवेशों से इंदौर एसईजेड की पहचान देश के प्रमुख फार्मास्यूटिकल एवं निर्यात-उन्मुख विनिर्माण हब के रूप में और अधिक सुदृढ़ होगी। प्रदेश के औद्योगिक विकास को नई गति मिलेगी
इन परियोजनाओं से लगभग 1,910 प्रत्यक्ष रोजगार सृजित होंगे एवं उत्पादन प्रारंभ से पांच वर्षों में लगभग 20,433 करोड़ का निर्यात होना प्रस्तावित है। एसईजेड में पूर्व से ही फार्मास्यूटिकल, फूड प्रोसेसिंग, टेक्निकल टेक्सटाईल, इंजीनियरिंग एवं मेटल एवं अलाय उत्पादों का निर्यात किया जा रहा है।
बैठक में हिमांशु प्रजापति, कार्यकारी संचालक, एमपी इंडस्ट्रियल डेवलपमेंट कार्पोरेशन (एमपीआइडीसी), आयकर विभाग एवं सीमा शुल्क विभाग के प्रतिनिधियों के साथ-साथ संबंधित कंपनियों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
बैठक डेवलपमेंट कमिश्नर एसईजेड अभिषेक शर्मा की अध्यक्षता में आयोजित हुई। हिमांशु प्रजापति ने बताया कि इन निवेशों से इंदौर एसईजेड की पहचान देश के प्रमुख फार्मास्यूटिकल एवं निर्यात-उन्मुख विनिर्माण हब के रूप में और अधिक सुदृढ़ होगी। प्रदेश के औद्योगिक विकास को नई गति मिलेगी।
इंदौर: मध्य प्रदेश टैक्स कंसल्टेंट्स एसोसिएशन (एमपीटीसीए) द्वारा जीएसटी ट्रिब्यूनल में अपील एवं आवेदन प्रक्रिया पर शनिवार को सेमिनार आयोजित किया जा रहा है। इनकम टैक्स भवन के मल्टीपरपज हाल में चार से साढ़े छह बजे तक यह आयोजित होगा।
एसोसिएशन के अनुसार जीएसटी ट्रिब्यूनल में अपील एवं आवेदन प्रस्तुत करने की अंतिम तिथि 31 जुलाई तक बढ़ाए जाने के कारण यह कार्यक्रम कर सलाहकारों, चार्टर्ड अकाउंटेंट्स एवं अधिवक्ताओं के लिए विशेष रूप से उपयोगी रहेगा। सेमिनार में चार्टर्ड अकाउंटेंट एवं सुप्रीम कोर्ट अधिवक्ता जेके मित्तल मुख्य वक्ता के रूप में मार्गदर्शन देंगे।
कार्यक्रम में जीएसटी ट्रिब्यूनल के लिए अपील ड्राफ्टिंग, अपील एवं आवेदन फाइलिंग, लिखित सबमिशन की तैयारी, ट्रिब्यूनल के समक्ष प्रभावी प्रस्तुतीकरण एवं तर्क-वितर्क की व्यावहारिक बारीकियों पर विस्तृत चर्चा की जाएगी।