
नईदुनिया प्रतिनिधि, इंदौर। पुलिस कांस्टेबल (बैंड) पद पर भर्ती प्रक्रिया को चुनौती देने वाली याचिका में बुधवार को सुनवाई पूरी हो गई। सभी पक्षकारों को सुनने के बाद कोर्ट ने फैसला सुरक्षित रख लिया। इसके जारी होने के बाद ही स्पष्ट होगा कि चयनित अभ्यर्थियों की सूची जारी होगी या नहीं।
शासन ने पुलिस कांस्टेबल (बैंड) पद पर भर्ती के लिए अभ्यर्थियों से आवेदन बुलवाए थे। आवेदन करने वाले कुछ अभ्यर्थियों ने चयन प्रक्रिया को चुनौती देते हुए हाई कोर्ट में याचिका दायर की है। उनका कहना है कि उन्होंने चयन प्रक्रिया का पहला और दूसरा चरण सफलतापूर्वक पूरा किया, बावजूद इसके उन्हें तीसरे चरण यानी साक्षात्कार के लिए नहीं बुलाया गया।
याचिका में यह भी कहा कि भर्ती विज्ञापन में विज्ञापित पदों की संख्या से तीन गुना अभ्यर्थियों को साक्षात्कार के लिए बुलाए जाने का प्रविधान किया गया था, लेकिन विभाग ने सिर्फ दो गुना अभ्यर्थियों को ही साक्षात्कार के लिए बुलाया। पात्र अभ्यर्थियों की सूची भी सार्वजनिक नहीं की गई।
याचिका निरस्त करने की मांग करते हुए शासन की ओर से तर्क रखा गया कि निर्धारित प्रक्रिया का पालन करने के बाद ही अभ्यर्थियों को साक्षात्कार के लिए बुलाया गया था। चूंकि साक्षात्कार पहले ही हो चुके हैं, ऐसे में याचिका निरस्त की जाए।
24 अगस्त 2026 को याचिका की सुनवाई के दौरान कोर्ट ने अंतिम परिणाम घोषित करने पर रोक लगा दी थी। बुधवार को न्यायमूर्ति पवन कुमार द्विवेदी की एकलपीठ के समक्ष सुनवाई हुई। याचिकाकर्ता और शासन दोनों के अधिवक्ताओं ने पूर्व में रखे अपने-अपने तर्क दोहराए। कोर्ट ने बहस सुनने के बाद फैसला सुरक्षित रख लिया।