
नईदुनिया प्रतिनिधि, इंदौर। विजयादशमी पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव जिला पुलिस लाइन में आयोजित शस्त्र पूजन समारोह में शामिल हुए। वैदिक मंत्रोच्चार के बीच उन्होंने मां कालका की पूजा की और पारंपरिक तलवार, भाले सहित आधुनिक एके-47 व अन्य अस्त्र-शस्त्रों का विधि-विधान से पूजन किया। मुख्यमंत्री ने पुलिस वाहनों और अश्वों का पूजन करने के साथ शस्त्रागार का अवलोकन भी किया। सीएम ने कार्यक्रम के दौरान कन्या पाद पूजन किया तो महिला पुलिसकर्मियों ने उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर दिया।
मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम के दौरान भर्ती की घोषणा की लेकिन मैदान में बैठे पुलिसकर्मी शांत भाव से सुनते रहे। सीएम ने चुटकी ली और कहा कि पुलिस बगैर आदेश के तालियां भी नहीं बजाती है। लाठी और ताली के लिए आदेश की आवश्यकता पड़ती है।
उन्होंने कहा कि शस्त्र पूजन केवल शक्ति का प्रदर्शन नहीं, बल्कि नागरिकों की रक्षा, समाज के कष्ट दूर करने और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के दायित्व का प्रतीक है। विजयादशमी अधर्म पर धर्म और असत्य पर सत्य की विजय का संदेश देती है। मुख्यमंत्री ने इंदौर पुलिस के पुलिस सेतु ऐप का शुभारंभ किया।
इसके माध्यम से नागरिक अपने स्थान के आधार पर संबंधित पुलिस थाने, ड्यूटी अधिकारियों और संपर्क संबंधी जानकारी प्राप्त कर सकेंगे। यातायात प्रबंधन, सड़क सुरक्षा और कानून-व्यवस्था के लिए उपलब्ध कराए गए 51 दोपहिया वाहनों को मुख्यमंत्री ने हरी झंडी दिखाई। ये वाहन एक संस्थान द्वारा ट्रैफिक सेफ सिटी परियोजना के तहत उपलब्ध कराए गए हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि पुलिस विभाग में 18,500 पदों पर भर्ती का निर्णय लिया गया है। आगामी दो वर्षों में रिक्त पदों को भरने की दिशा में भी काम किया जाएगा। प्रदेश के विभिन्न विभागों में कुल 85 हजार पदों पर नियुक्तियों की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जा रही है।
आगामी वर्ष को युवा वर्ष के रूप में मनाने और मध्यप्रदेश लोक सेवा आयोग के माध्यम से विशेष परीक्षा आयोजित करने की बात भी कही। इसके अलावा प्रदेश के प्रत्येक जिले में पुलिस बैंड विकसित करने और इसके लिए 750 पदों पर भर्ती किए जाने की बात की।
मुख्यमंत्री ने कानून-व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने और नागरिकों को बेहतर पुलिसिंग उपलब्ध कराने के लिए इंदौर पुलिस द्वारा किए जा रहे नवाचारों की सराहना की। उन्होंने कहा कि अनुशासन के साथ प्रोत्साहन और सम्मान भी जरूरी हैं। दंड से व्यवस्था कायम होती है, जबकि प्रोत्साहन से बेहतर कार्य करने वालों का उत्साह बढ़ता है।
मुख्यमंत्री ने चौबीसों घंटे नागरिकों की सुरक्षा में जुटे पुलिसकर्मियों के समर्पण की सराहना करते हुए उनके परिवारों के योगदान को भी महत्वपूर्ण बताया। महिला पुलिसकर्मियों की दक्षता और क्षमता का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि बेटियां भी हर जिम्मेदारी पूरी कुशलता और सामर्थ्य से निभा सकती हैं।
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पुलिस कमिश्नर संतोष कुमार सिंह ने स्वागत भाषण में बताया कि इंदौर पुलिस कमिश्नरेट में 1,721 पुलिसकर्मियों को पदोन्नति दी गई है, जबकि प्रदेशभर में पुलिस विभाग में 27,500 से अधिक पदोन्नतियां हुई हैं। समारोह में जल संसाधन मंत्री तुलसीराम सिलावट, सांसद शंकर लालवानी, महापौर पुष्यमित्र भार्गव, विधायक रमेश मेंदोला, गोलू शुक्ला, मालिनी गौड़ सहित अन्य जनप्रतिनिधि शामिल थे।