
नईदुनिया प्रतिनिधि, इंदौर। यातायात पुलिस को चकमा देकर भागना अब वाहन चालकों के लिए आसान नहीं होगा। चौराहों पर जांच के दौरान भागने वाले वाहन चालकों के टायर किलर की मदद से टायर पंक्चर कर रोका जाएगा। टायर किलर उपकरण अमेरिका के बने हुए है। एक टायर किलर की कीमत 20 रुपए से ज्यादा बताई जा रही है।
टायर किलर नुकीले स्पाइक्स से बनी लंबी पट्टी है, जो सड़क पर फैलाकर रख दी जाती है। जैसे ही संदिग्ध वाहन चालक इसके ऊपर से गुजरेगा, उसके टायर पंक्चर हो जाएगा। पिछले दिनों कमेटी से सहमति मिलने के बाद फिलहाल चार टायर किलर खरीदें है। 8 और आने बाकी हैं। एक टायर किलर की कीमत 20 रुपए से ज्यादा बताई जा रही है। फिलहाल चार जोन में एक-एक टायर किलर वितरित किए जाएंगे।
इस उपकरण को टायर बस्टर, नुकीली पट्टी एवं टायर किलर भी कहते है। इंदौर प्रदेश का पहला शहर है, जहां टायर किलर का प्रयोग शुरू होगा। कई बार वाहन चालक जांच के दौरान संदिग्ध वाहन पुलिस को चकमा देकर भागने की कोशिश करता है। टायर किलर के प्रयोग से ऐसे मौके पर यातायात पुलिस को पीछा करने की जरूरत नहीं पड़ेगी।
यह भी पढ़ें- पोस्ट ऑफिस कर्मचारी ने फांसी लगाकर दी जान, परिजनों ने लगाए प्रताड़ना के आरोप, पुलिस ने शुरू की जांच
पुलिसकर्मी जरूरत पड़ने पर टायर किलर फैला देंगे। ट्रैफिक पुलिस को इसके इस्तेमाल एवं बचाव का प्रशिक्षण भी दिया है। ताकि इस तरह की स्थिति से आसानी से निपटा जा सकें। यातायात सिग्नल तोड़कर तेज रफ्तार में भाग रहे वाहन चालकों को यातायात पुलिस मौके पर ही पकड़ लेगी। इसके इस्तेमाल के लिए सही जगह का चयन किया जाता है। ताकि आम वाहन चालकों को किसी तरह का खतरा पैदा न हो।
टायर किलर को फैलाकर यातायात पुलिसकर्मी खुद को सुरक्षित रखते हुए दूर हो जाते हैं। टायर किलर आमतौर पर तीन से पांच मीटर लंबी होती है। जैसे ही संदिग्ध वाहन चालक भागने की कोशिश करेगा, यातायात पुलिसकर्मी टायर किलर को फैला देंगे और टायर पंक्चर हो जाएगा।