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नियमितीकरण से पहले की अस्थायी सेवा पेंशन में जोड़ने की मांग पर हाई कोर्ट ने कहा- 60 दिन में निर्णय लें

न्यायमूर्ति विशाल धगट की एकलपीठ ने उषा बाघमारे व अन्य की याचिका का निराकरण करते हुए कहा कि यदि उनका मामला सुप्रीम कोर्ट और हाई कोर्ट के पूर्व निर्णयों...और पढ़ें

By Surendra DubeyEdited By: Dheeraj kumar Bajpai
Publish Date: Tue, 22 Sep 2026 05:02:46 PM (IST)Updated Date: Tue, 22 Sep 2026 05:02:46 PM (IST)
नियमितीकरण से पहले की अस्थायी सेवा पेंशन में जोड़ने की मांग पर हाई कोर्ट ने कहा- 60 दिन में निर्णय लें

HighLights

  1. समानता पाए जाने पर लाभ देने के निर्देश
  2. वर्ष 2014 में उनका नियमितीकरण हुआ था
  3. 23 अप्रैल 2026 के आदेश का हवाला दिया

नईदुनिया प्रतिनिधि, जबलपुर। नियमितीकरण से पहले की अस्थायी सेवा को पेंशन के लिए अर्हकारी सेवा में जोड़ने की मांग पर हाई कोर्ट ने शासन को याचिकाकर्ताओं के अभ्यावेदन पर 60 दिन में निर्णय लेने के निर्देश दिए हैं।

नई पेंशन योजना के दायरे में रखा गया

याचिकाकर्ताओं की ओर से अधिवक्ता विकास माहावर और शासन की ओर से शासकीय अधिवक्ता ऐश्वर्या सिंह ने पक्ष रखा। याचिकाकर्ताओं के अनुसार वर्ष 2014 में उनका नियमितीकरण हुआ था। इसके चलते उन्हें नई पेंशन योजना के दायरे में रखा गया।

... तो पुरानी पेंशन योजना के लाभ के पात्र हो सकते हैं

उनका कहना था कि नियमितीकरण से पहले की गई अस्थायी सेवा को अर्हकारी सेवा में शामिल किया जाए तो वे पुरानी पेंशन योजना के लाभ के पात्र हो सकते हैं।

23 अप्रैल 2026 के आदेश का हवाला दिया

उन्होंने सुप्रीम कोर्ट के पंजाब स्कूल एजुकेशन बोर्ड बनाम सतनाम सिंह और हाई कोर्ट के नरेश कुमार पांडेय बनाम मध्य प्रदेश शासन मामले में 23 अप्रैल 2026 के आदेश का हवाला दिया।

अभ्यावेदन पर विचार कर 60 दिन में निर्णय लें अधिकारी

कोर्ट ने संबंधित अधिकारी को दोनों निर्णयों के आलोक में अभ्यावेदन पर विचार कर 60 दिन में निर्णय लेने को कहा है। समानता पाए जाने पर याचिकाकर्ताओं को भी लाभ देने के निर्देश दिए हैं।

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