
नईदुनिया प्रतिनिधि, जबलपुर। मौसम प्रणाली के मध्य भारत की ओर बढ़ने से जबलपुर सहित पूर्वी मध्य प्रदेश के मौसम में एक बार फिर बदलाव देखने मिल रहा है। गुरुवार को सुबह बादल छाए रहे और दोपहर बाद अचानक बरस पड़े। कुछ देर ही सही पर जोरदार बारिश ने शहर को तरबतर कर दिया।
मौसम विभाग के अनुसार अगले 24 से 48 घंटों के दौरान जबलपुर सहित संभाग के कई स्थानों पर भारी से अतिभारी बारिश की संभावना है। हालांकि गहरे अवदाब के अगले 12 घंटे तक अपनी तीव्रता बनाए रखने के बाद धीरे-धीरे कमजोर हाे जाएगा और बारिश की गतिविधियां फिर थम जाएंगी। फिलहाल शुक्रवार और शनिवार को गरज-चमक के साथ तेज बारिश हो सकती है।
दोपहर बाद हुई बारिश के बाद रिमझिम फुहारें पड़ती रही। इसके बाद रात में फिर बादलों ने जाेर मारा और रुक-रुक कर बारिश होती रही। बारिश के कारण रात में वातावरण में हल्की ठंडक महसूस की गई। दिन का तापमान तीन डिग्री घटकर 32.0 डिग्री और न्यूनतम तापमान 23.0 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
मौसम विभाग ने अगले 24 से 48 घंटे के दौरान जबलपुर सहित रीवा, उमरिया, नरसिंहपुर, छिंदवाड़ा, सिवनी में अतिभारी बारिश का आरेंज अलर्ट जारी किया है। मौसम विभाग के अनुसार उत्तर आंध्र प्रदेश तट के ऊपर स्थित गहरा अवदाब, गत छह घंटों के दौरान तीन किमी प्रति घंटा की गति से धीरे-धीरे पश्चिम-उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ा।
गुरुवार को दक्षिण-पश्चिम के निकट, 55-65 किमी प्रति घंटा की अधिकतम सतत पवन गति तथा 75 किमी प्रति घंटा तक के झोंकों के साथ गहरे अवदाब के रूप में तट पार कर गया। इसके बाद यह पश्चिम-उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ा शाम तक उत्तर तटीय आंध्र प्रदेश के ऊपर उत्तर पूर्व पर हो गया। 12 घंटों तक गहरे अवदाब की तीव्रता बनाए रखते हुए प्रारंभ में उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ने की बहुत संभावना है। इसके बाद, इसके उत्तर-उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ते हुए कमजोर हो जाएगा।
बहरहाल अब कुल 784 मिमी बारिश हो चुकी है। जो गत वर्ष की तुलना 377 मिमी कम है। गत वर्ष आज के दिन तक 1161 मिलीमीटर बारिश हो चुकी थी।वहीं औसत वर्ष 60 प्रतिशत हुई है। इस बार 40 प्रतिशत बारिश पिछड़ गई है।
यह भी पढ़ें- जबलपुर में रादुवि के चुनाव में देरी पर छात्रों का हंगामा, ज्ञापन फाड़कर कुलसचिव के सामने उड़ाया