
नईदुनिया प्रतिनिधि, जबलपुर। बेलखेड़ा थाना क्षेत्र में युवक और छात्रा को कार से कुचलकर मौत के घाट उतारने के मामले में अब हत्या की वजह को लेकर नए तथ्य सामने आ रहे हैं। मुख्य आरोपी अनिल लोधी को जागृति महलोनियां (छात्रा) का अपने मौसेरे भाई प्रशांत लोधी से बातचीत करना पसंद नहीं था।
जागृति पहले अनिल से बातचीत करती थी, लेकिन बाद में दोनों के बीच दूरी बढ़ गई और वह प्रशांत के संपर्क में आ गई। यही बात अनिल को खटकने लगी थी। जागृति से बात बंद होने के बाद अनिल की एक अन्य युवती से दोस्ती हो गई थी।
अनिल की नई दोस्त का भी जागृति से विवाद होता था। इसी विवाद को सुलझाने के लिए सभी गुरुवार केा मिले थे और तभी हत्याकांड अंजाम दिया गया। हालांकि, पुलिस अभी सभी पहलुओं की जांच कर रही है।
पुलिस जांच में सामने आया है कि जागृति से बातचीत बंद होने के बाद से अनिल और प्रशांत में मनमुटाव था। इसी विवाद को सुलझाने के लिए गुरुवार को तीन युवतियां, दो युवक एवं एक किशोर बेलखेड़ा थाना से लगभग एक किलोमीटर आगे राष्ट्रीय राजमार्ग में पेट्रोल पंप के पास जुटे थे। ये सभी आपस में एक-दूसरे के परिचित थे।
ग्राम करहैया उड़ना निवासी प्रशांत अपने दोस्त हेमराज के साथ पहुंचा था। राघवेंद्र उर्फ देवेंद्र पहले से वहां मौजूद था। इसी दौरान जागृति और दूसरी युवतियां भी पहुंचीं। बातचीत के बीच अनिल का छोटा भाई भी वहां था। बातचीत के दौरान विवाद बढ़ने पर प्रशांत और जागृति को कुछ दूर जाकर बात करने के लिए कहा गया। इसके बाद छोटे भाई ने मोबाइल फोन करके अनिल को वहां बुलाया गया।
दोपहर करीब 3.15 बजे अनिल एमपी 20 सीई 8644 नंबर की कार लेकर मौके पर पहुंचा। वह गुस्से में था और वह तेज गति से कार चलाते हुए पहुंचा और सड़क किनारे खड़े प्रशांत और जागृति को कुचल दिया। इसके बाद अनिल कार रोककर खेतों की तरफ भाग निकला।
मौके पर पहुंची पुलिस कार के नंबर की जानकारी जुटाई तो स्वामी रजौला गांव का होना पता चला। जहां पूछताछ में पता चला कि कार अनिल की थी। वारदात का मुख्य आरोपित अनिल अब भी फरार है। उसके नाबालिग छोटे भाई को शुक्रवार को गिरफ्तार कर लिया गया है। फरार मुख्य आरोपित की तलाश जारी है।
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