जबलपुर: धनुष तोप की कायल हुई फौज, 46 किमी दूर लक्ष्य पर सटीक निशाना; अब जीसीएफ में बनेगी नई तोप
स्वदेशी तोप की मारक क्षमता बढ़ाने की दिशा में धनुष तोप ने नया मुकाम हासिल किया है।
Publish Date: Wed, 28 Oct 2026 06:49:49 PM (IST)Updated Date: Wed, 28 Oct 2026 07:09:32 PM (IST)
धनुष तोप की बढ़ी मारक क्षमता, फाइल फोटोHighLights
- स्वदेशी तोप की बढ़ी मारक क्षमता..
- 48 किमी दूर लक्ष्य पर निशाना
- अब जीसीएफ में बनेगी नई तोप
नईदुनिया प्रतिनिधि, जबलपुर। स्वदेशी तोप की मारक क्षमता बढ़ाने की दिशा में धनुष तोप ने नया मुकाम हासिल किया है। लॉन्ग प्रूफ रेंज (एलपीआर) में धनुष तोप के उन्नत संस्करण ने 46 किलोमीटर की दूरी पर सफल परीक्षण पूरा किया है।
बैरल टेस्टिंग जोन में किए गए इस परीक्षण के बाद अब गन कैरिज फैक्ट्री (जीसीएफ) में इस उन्नत तोप के नियमित उत्पादन की तैयारी आगे बढ़ेगी। 155 एमएम गुणा 52 कैलिबर वाले नए संस्करण ने पुराने 155 एमएम गुणा 45 कैलिबर मॉडल की 38 किलोमीटर की अधिकतम रेंज को पीछे छोड़ दिया है।
6 राउंड फायर किए गए
परीक्षण के दौरान जोन-छह चार्ज के साथ छह राउंड फायर किए गए। इनमें से पांच राउंड 46 किलोमीटर दूर स्थित 12 मीटर गुणा 12 मीटर के लक्ष्य पर सटीक पड़े, जबकि एक राउंड लक्ष्य से आठ मीटर की दूरी पर गिरा।
फायरिंग के बाद बैरल का तापमान 52 डिग्री दर्ज किया गया, जिसे सामान्य बताया गया है। इस प्रदर्शन के बाद जीसीएफ में धनुष के उन्नत संस्करण के उत्पादन की दिशा में तेजी आने की उम्मीद है। देश की 42 आयुध निर्माणी में से एक जबलपुर की जीसीएफ 2010 से धनुष तोप को आकर देती आई है।
इसमें समय-समय पर अनेक तकनीकी बदलाव किए गए। अब इसकी मारक क्षमता में वृद्धि निर्माणी की नई तकनीकी टीम की श्रेष्ठ कार्य कुशलता को दर्शाती है। साथ ही निर्माणी गन में उपयोग होने वाले 90 से 95 प्रतिशत कलपुर्जे स्वयं तैयार कर आत्मनिर्भर भारत की ओर तेजी से कदम बढ़ा रही है।