
नईदुनिया प्रतिनिधि, जबलपुर। शहर के उत्तर-पूर्वी हिस्से में जल संकट गहराने लगा है। परियट जलाशय का जलस्तर लगातार घटने और बरगी दायीं तट नहर में पर्याप्त पानी उपलब्ध नहीं होने के कारण नगर निगम ने रांझी जल शोधन संयंत्र से होने वाली जलापूर्ति में कटौती का निर्णय लिया है।
निगम का कहना है कि उपलब्ध जल भंडार को सुरक्षित रखते हुए मानसून आने तक पेयजल व्यवस्था बनाए रखने के लिए यह निर्णय आवश्यक हो गया था। बुधवार से रांझी संयंत्र से जुड़े 16 वार्डों में केवल सुबह के समय ही पानी की आपूर्ति की जा रही है।
नगर निगम के अनुसार रांझी स्थित 54 एमएलडी क्षमता के जल शोधन संयंत्र को परियट जलाशय, फगुआ स्रोत और बरगी दायीं तट नहर से कच्चा पानी प्राप्त होता है। इन स्रोतों से शोधन के बाद शहर के रांझी, अधारताल, शोभापुर, संजय नगर और आसपास के क्षेत्रों में प्रतिदिन सुबह एवं शाम जलापूर्ति की जाती रही है। लेकिन वर्तमान में परियट जलाशय में पानी का स्तर काफी नीचे पहुंच गया है, वहीं नहर में भी अपेक्षित मात्रा में पानी उपलब्ध नहीं है।
जल प्रभारी दामोदर सोनी के अनुसार परियट जलाशय का जलस्तर लगातार घट रहा है। जलाशय में पानी खतरे के स्तर 15 फीट से नीचे पहुंचकर लगभग 12 फीट के आसपास रह गया है। ऐसे में पर्याप्त मात्रा में कच्चा पानी उठाना मुश्किल हो रहा है। यदि वर्तमान परिस्थितियों में दोनों समय जलापूर्ति जारी रखी जाती है तो आगामी दिनों में स्थिति और गंभीर हो सकती है।
जल संरक्षण की दृष्टि से फिलहाल कुली हिल, संजय नगर अधारताल, शोभापुर, रांझी जलशोधन संयंत्र स्थित ओवरहेड टैंक, रावण पार्क, बजरंग नगर, मुक्तिधाम क्षेत्र सहित अन्य ऊंची जल टंकियों से केवल प्रातःकालीन जलापूर्ति की जाएगी। यह व्यवस्था परियट जलाशय में पर्याप्त जल उपलब्ध होने या मानसून के आगमन तक जारी रह सकती है।
नगर निगम के इस निर्णय का असर लगभग दो लाख से अधिक नागरिकों पर पड़ेगा। इन क्षेत्रों के रहवासियों को अब पानी का उपयोग अधिक सावधानी से करना होगा। निगम अधिकारियों का कहना है कि यदि जल संरक्षण नहीं किया गया तो आने वाले दिनों में स्थिति और चुनौतीपूर्ण हो सकती है।
नगर निगम ने नागरिकों से पेयजल का दुरुपयोग नहीं करने, वाहनों की धुलाई एवं बागवानी में अत्यधिक पानी खर्च करने से बचने तथा घरेलू उपयोग में जल संरक्षण अपनाने की अपील की है। अधिकारियों का कहना है कि सामूहिक प्रयासों से ही मानसून आने तक जल संकट से प्रभावी ढंग से निपटा जा सकता है। महापौर जगत बहादुर सिंह अन्नू जल प्रभारी दामोदर सोनी तथा आयुक्त राम प्रकाश अहिरवाल ने नागरिकों को होने वाली असुविधा पर खेद व्यक्त करते हुए सहयोग की अपील की है।
रांझी जल शोधन संयंत्र से जुड़ी कुली हिल, संजय नगर, अधारताल, शोभापुर, रांझी, रावण पार्क, बजरंग नगर, मुक्तिधाम क्षेत्र सहित आसपास के अनेक मोहल्लों में अब केवल सुबह के समय जलापूर्ति होगी। नगर निगम का दावा है कि इस व्यवस्था से उपलब्ध जल भंडार का संतुलित उपयोग किया जा सकेगा और मानसून आने तक पेयजल आपूर्ति बनाए रखने में मदद मिलेगी।