
नईदुनिया प्रतिनिधि, जबलपुर। जबलपुर के औद्योगिक और आर्थिक विकास को गति देने के लिए सोमवार को महाकौशल चेंबर ऑफ कॉमर्स के प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री डाॅ. मोहन यादव से भोपाल स्थित मुख्यमंत्री निवास पर मुलाकात की।
लोक निर्माण मंत्री राकेश सिंह की पहल पर हुई बैठक में जबलपुर के उद्योग एवं व्यापार जगत से जुड़े प्रतिनिधियों ने शहर के विकास से जुड़े विभिन्न मुद्दों और निवेश की संभावनाओं पर चर्चा की। मुख्यमंत्री ने अगले माह जबलपुर में औद्योगिक कॉन्क्लेव आयोजित करने का आश्वासन दिया। साथ ही लंबित मास्टर प्लान को जल्द जारी करने की बात कही।
मुख्यमंत्री ने कहा कि जबलपुर की औद्योगिक, व्यापारिक और भौगोलिक क्षमताओं का बेहतर उपयोग करते हुए पूरे महाकौशल क्षेत्र के विकास के लिए जबलपुर-केंद्रित नीति पर काम किया जाएगा। जबलपुर के साथ कटनी और नरसिंहपुर को जोड़कर व्यापक विकास क्षेत्र के रूप में विकसित करने की संभावनाओं पर भी विचार किया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रस्तावित औद्योगिक कान्क्लेव में जबलपुर की औद्योगिक क्षमता, रक्षा एवं भारी उद्योगों की मौजूदगी, कनेक्टिविटी, चिकित्सा-शिक्षा सुविधाओं, पर्यटन और प्राकृतिक संसाधनों को निवेशकों के सामने प्रस्तुत किया जाएगा। जबलपुर को क्षेत्रीय पर्यटन केंद्र के रूप में विकसित करने, हवाई कनेक्टिविटी मजबूत करने तथा शहर की ब्रांडिंग को प्रभावी बनाने पर भी जोर दिया गया।
लोक निर्माण मंत्री राकेश सिंह ने कहा कि मास्टर प्लान में अगले 20 से 30 वर्षों की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए सड़क, परिवहन, आवास, औद्योगिक क्षेत्र, हरित क्षेत्र और सार्वजनिक सुविधाओं के लिए पर्याप्त प्रविधान होने चाहिए। उन्होंने लॉजिस्टिक्स पार्क, रिंग रोड, औद्योगिक क्षेत्रों तक बेहतर सड़क संपर्क और प्रमुख मार्गों के उन्नयन को प्राथमिकता देने का सुझाव दिया।
उन्होंने कहा कि चिकित्सा, शिक्षा, कौशल विकास और हास्पिटैलिटी में निजी निवेश से रोजगार के नए अवसर पैदा हो सकते हैं। भेड़ाघाट, बरगी और आसपास के पर्यटन क्षेत्रों को बेहतर सुविधाओं और सड़क संपर्क से जोड़कर पर्यटन सर्किट विकसित करने पर भी जोर दिया गया।
उद्योग एवं व्यापार प्रतिनिधियों ने औद्योगिक निवेश की अनुमति प्रक्रिया सरल करने, सिंगल विंडो व्यवस्था को प्रभावी बनाने तथा रेरा और टाउन एंड कंट्री प्लानिंग से संबंधित अनुमतियां समयबद्ध करने की मांग रखी। सेमीकंडक्टर एवं इलेक्ट्रॉनिक्स उद्योग, अंतरराष्ट्रीय स्तर के स्टेडियम, बड़े होटल प्रोजेक्ट और 100 से अधिक कमरों वाले होटलों के लिए सुविधाजनक लाइसेंसिंग प्रक्रिया की मांग भी रखी गई।
रेडी मिक्स कंक्रीट उद्योग को अलग श्रेणी में शामिल कर प्रोत्साहन देने का सुझाव दिया गया। लोक निर्माण मंत्री राकेश सिंह ने कहा कि औद्योगिक कान्क्लेव से पहले जबलपुर के स्थानीय उद्योगों और संभावित निवेश परियोजनाओं का विस्तृत संकलन तैयार किया जाएगा।
शहर की वास्तविक औद्योगिक क्षमता और आवश्यकताओं को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत किया जा सके। जबलपुर से बैठक में शहर के उद्योगपति सौरभ बड़ेरिया, डा.राजेश धीरावाणी, संदीप विजन, आशीष कोठारी, नितिन चंडोक, शंकर नाग्देव, रवि गुप्ता, अखिल मिश्रा, दीपक सेठी समेत कई व्यापारीगण मौजूद रहे।