
नईदुनिया प्रतिनिधि, जबलपुर। प्रदेश के सरकारी स्कूलों में नियुक्त नृत्य, संगीत, खेल और विशेष शिक्षकों का वेतन पदनामों में बदलाव के कारण अटक गया है। नियुक्ति के बाद भी सैकड़ों शिक्षक वेतन का इंतजार कर रहे हैं।
इस तकनीकी अड़चन को दूर करने के लिए लोक शिक्षण संचालनालय ने अब वैकल्पिक व्यवस्था लागू करने के निर्देश दिए हैं। इसके तहत संशोधन प्रक्रिया पूरी होने तक शिक्षकों को पुराने पदनाम के आधार पर वेतन दिया जाएगा।
जिला शिक्षा अधिकारियों ने प्राथमिक और माध्यमिक स्तर पर नृत्य, गायन, वादन, खेल एवं विशेष शिक्षकों की नियुक्ति के बाद वेतन आहरण में आ रही परेशानी से विभाग को अवगत कराया था।
राजपत्र में पदनाम बदलने के बाद आइएफएमआइएस पोर्टल पर भी संशोधन जरूरी था, लेकिन यह प्रक्रिया पूरी नहीं हो सकी। इसके चलते नियुक्त शिक्षकों का वेतन भुगतान अटक गया।
पहले इन पदों को खेलकूद शिक्षक श्रेणी-अ एवं श्रेणी-ब तथा गायन-वादन शिक्षक श्रेणी-अ एवं श्रेणी-ब के नाम से जाना जाता था। पोर्टल पर फिलहाल पुराने पदनाम ही उपलब्ध होने के कारण विभाग ने उन्हीं के माध्यम से वेतन निकालने की अनुमति दी है।
पदनाम परिवर्तन के बाद इन्हें प्राथमिक शिक्षक खेल, माध्यमिक शिक्षक खेल, प्राथमिक शिक्षक संगीत (गायन-वादन) और माध्यमिक शिक्षक संगीत (गायन-वादन एवं नृत्य) नाम दिया गया है।
विभाग ने प्राथमिक शिक्षक नृत्य का वेतन विकासखंड में प्राथमिक शिक्षकों के रिक्त पदों के विरुद्ध निकालने को कहा है। वहीं, विशेष शिक्षकों का वेतन प्राथमिक एवं माध्यमिक शिक्षकों के उपलब्ध पदों के आधार पर आहरित किया जाएगा। इस व्यवस्था से नए पदनामों को पोर्टल पर दर्ज करने की प्रक्रिया पूरी होने तक शिक्षकों को वेतन भुगतान में राहत मिलने की उम्मीद है।