
नईदुनिया प्रतिनिधि, खंडवा : जब्ती वाले वाहनों का यार्ड खुलवाने और इसकी फ्रेंचाइजी दिलाने के नाम पर टिमरनी के एक व्यक्ति ने खंडवा के चार से पांच लोगों को अपने जाल में फंसाकर करीब 72 लाख रुपये ठग लिए।
आरोपित ने पहले भोपाल से निकलने वाले गाड़ियों की नीलामी के टेंडर में काम दिलाने और यार्ड का लाइसेंस दिलाने का भरोसा दिया। लोगों ने उसकी बातों पर विश्वास कर अलग-अलग किस्तों में लाखों रुपये दे दिए, लेकिन न तो उन्हें फ्रेंचाइजी मिली और न ही कोई काम शुरू हुआ।
जब पीड़ितों ने अपनी रकम वापस मांगी तो आरोपित ने ठगी का एक और नया तरीका निकाल लिया। उसने पैसों की वर्षा कराने वाले बाबा से मिलवाने और उनकी मदद से रकम कई गुना कराने का झांसा देकर फिर पैसे मांगने शुरू कर दिए। मामले में कोतवाली पुलिस ने आरोपित अजय सोलंकी पिता राजेश सोलंकी निवासी ग्राम बेहड़िया, थाना टिमरनी, जिला हरदा को गिरफ्तार किया है।
कोतवाली टीआई प्रवीण आर्य ने बताया कि फरियादी रसूल गौरी सहित अन्य लोगों ने सितंबर माह में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत मिलने के बाद से ही पुलिस आरोपित की तलाश कर रही थी। मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर पुलिस ने 28 अक्टूबर को उसे गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस के अनुसार आरोपित ने फरियादियों को भोपाल से जब्त वाहनों की नीलामी का टेंडर निकलने की जानकारी देकर अपने झांसे में लिया था। उसने दावा किया कि यार्ड का लाइसेंस और फ्रेंचाइजी मिलने पर उन्हें अच्छा कारोबार मिलेगा। इस भरोसे में आकर पीड़ितों ने उसे रकम देना शुरू कर दिया। करीब 35 लाख रुपये 13 अलग-अलग ट्रांजेक्शन के माध्यम से आरटीजीएस किए गए। इसके अलावा आरोपित ने ऑनलाइन माध्यम और नकद भी रुपये लिए। इस तरह कुल ठगी की रकम करीब 72 लाख रुपये तक पहुंच गई।
जब कई महीने बीतने के बाद भी यार्ड की फ्रेंचाइजी नहीं मिली और कोई काम शुरू नहीं हुआ तो फरियादियों ने आरोपित से अपनी रकम वापस मांगी। इस पर उसने एक और कहानी सुना दी। आरोपित ने कहा कि एक बाबा हैं, जो पैसों की बारिश करा सकते हैं। उनके माध्यम से रकम कई गुना हो जाएगी, लेकिन इसके लिए और पैसे देने होंगे। इस तरह आरोपित ने पीड़ितों को दोबारा अपने झांसे में लेने की कोशिश की। अब पुलिस रिमांड के दौरान सामने आई जानकारी के आधार पर पैसों की वर्षा कराने वाले कथित बाबा की तलाश कर रही है।
पुलिस पूछताछ में आरोपित ने ठगी की रकम से संपत्ति खरीदने की जानकारी दी। उसने एक ट्रैक्टर खरीदा और करीब दो लाख रुपये खर्च कर उसकी ट्राली बनवाई। इसके अलावा कल्टीवेटर सहित अन्य कृषि उपकरण भी खरीदे थे। पुलिस ने कार्रवाई कर ट्रैक्टर, ट्राली और कृषि उपकरण जब्त कर लिए हैं।
टीआई प्रवीण आर्य के अनुसार रिमांड के दौरान आरोपित से पूछताछ में कई अहम जानकारियां मिली हैं। अन्य पहलुओं की भी जांच की जा रही है। आरोपित को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया। पुलिस अब इस ठगी में अन्य संभावित लोगों की भूमिका और कथित बाबा के संबंध में जानकारी जुटा रही है।कार्रवाई में थाना प्रभारी प्रवीण आर्य, जांचकर्ता विनोद मेहणा, आरक्षक अनुराग, दीपेंद्र व मयंक की सराहनीय भूमिका रही।
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