
नईदुनिया प्रतिनिधि, खंडवा। बाइक चोरी की एक के बाद एक वारदातों से परेशान पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। खंडवा पुलिस ने ऐसे शातिर अंतरराज्यीय वाहन चोर गिरोह का पर्दाफाश किया है, जो महज दो से तीन मिनट में दोपहिया वाहन का लॉक तोड़कर पलक झपकते ही उसे पार कर देता था। चोरी के वाहनों को तत्काल बेचने के बजाय आरोपी उन्हें जंगल और सुनसान स्थानों पर छिपाकर रखते थे।
पर्याप्त संख्या में बाइक जमा होने के बाद खरीदार तलाशकर इन्हें स्क्रैप, पार्ट्स अथवा पूरी मोटरसाइकिल के रूप में बेच दिया जाता था। पुलिस ने गिरोह के दो आरोपियों को गिरफ्तार कर उनकी निशानदेही पर 61 चोरी की मोटरसाइकिलें बरामद की हैं। इनकी अनुमानित कीमत करीब 30 लाख रुपये है।
यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक अगम जैन के निर्देशन में संपत्ति संबंधी अपराधों और वाहन चोरी पर अंकुश लगाने के लिए चलाए जा रहे अभियान के तहत की गई। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शहर महेंद्र तारणेकर और नगर पुलिस अधीक्षक अभिनव बारंगे के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी कोतवाली प्रवीण आर्य के नेतृत्व में कोतवाली और साइबर सेल की संयुक्त टीम ने गिरोह तक पहुंच बनाई थी। मंगलवार को पुलिस अधीक्षक अगम जैन ने इस सफलता का खुलासा पत्रकार वार्ता में किया।
पुलिस ने वाहन चोरी की घटनाओं का बारीकी से विश्लेषण किया और अलग-अलग स्थानों के सीसीटीवी फुटेज खंगाले। तकनीकी साक्ष्यों से कई वारदातों में एक ही गिरोह की संलिप्तता के संकेत मिले। इसके बाद संदिग्धों और वाहनों की निगरानी शुरू की गई। वाहन चेकिंग के दौरान पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर विशाल पुत्र राजेंद्र राठौर निवासी अमनखेड़ी रोड, भीकनगांव और बबलू पुत्र सरदारिया बारेला निवासी धनोरी, सेंधवा को पकड़ा। पूछताछ में वाहन चोरी के बड़े नेटवर्क का खुलासा हुआ।
आरोपियों की निशानदेही पर बरामद 61 बाइक में खंडवा जिले की सात बाइक शामिल हैं। बाकी वाहन खरगोन, बड़वानी, धार, इंदौर, रतलाम, देवास और महाराष्ट्र के विभिन्न जिलों से चोरी किए जाने की जानकारी सामने आई है। पुलिस के अनुसार गिरोह का नेटवर्क खंडवा, खरगोन, बुरहानपुर, बड़वानी, हरदा और रतलाम सहित महाराष्ट्र के सीमावर्ती जिलों तक फैला था। पुलिस ने जब्त बाइक को पुलिस लाइन मैदान में 61 खंडवा अंकों की आकृति के रूप में सजाया था।
पुलिस के अनुसार आरोपी विशाल शातिर वाहन चोर है और वह करीब तीन मिनट में दोपहिया वाहन का लॉक तोड़कर चोरी करने में सक्षम था। उसके खिलाफ मध्य प्रदेश के अलग-अलग थानों में 11 अपराध दर्ज हैं। उसके साथी बबलू के खिलाफ भी दो अपराध दर्ज पाए गए हैं।
पुलिस दोनों आरोपियों को न्यायालय में पेश कर रिमांड ले रही है। पूछताछ में गिरोह के अन्य सदस्यों, चोरी की बाइक खरीदने वालों और वाहन चोरी की अन्य वारदातों के संबंध में और खुलासे होने की संभावना है। इतनी बड़ी संख्या में चोरी के वाहन बरामद होने को खंडवा पुलिस की वाहन चोरी के खिलाफ अब तक की बड़ी कार्रवाइयों में से एक माना जा रहा है।
कार्रवाई में थाना प्रभारी प्रवीण आर्य, सउनि प्रकाश ठाकरे, सउनि मनोज सोनी, सउनि अनिल शुक्ला सहित कोतवाली पुलिस के अधिकारी-कर्मचारियों और साइबर सेल के प्रआर जितेंद्र राठौर, प्रआर विक्रम वर्मा, प्रआर सुनील लांडगे, प्रआर रामनरेश यादव, आरक्षक उदयसिंह सहित टीम की सराहनीय भूमिका रही।