
नईदुनिया प्रतिनिधि, खंडवा: इंटरनेट मीडिया के माध्यम से नौकरी दिलाने का झांसा देकर युवाओं से ठगी करने का एक गंभीर मामला बोरगांव पुलिस चौकी क्षेत्र में सामने आया है। झारखंड और असम के युवकों को आकर्षक वेतन का लालच देकर खंडवा बुलाया गया, जहां एक गिरोह ने उनसे नकद और ऑनलाइन माध्यम से हजारों रुपये ठग लिए।
फरियादी सतीश कुमार पिता राधेश्याम प्रसाद, निवासी ग्राम तिलैडीह, थाना बरही, जिला हजारीबाग (झारखंड) ने पुलिस को बताया कि वह इंटरनेट मीडिया पर रील देख रहा था। इसी दौरान उसे एक रील दिखी, जिसमें किसी कंपनी में नौकरी और 50 हजार रुपये मासिक वेतन का दावा किया गया था।
रील में दिए गए मोबाइल नंबर पर संपर्क करने पर सामने वाले व्यक्ति ने अपना नाम ‘बरसात’ बताया और नौकरी दिलाने के बदले 20 हजार रुपये ज्वाइनिंग फीस मांगी। आरोपित ने यह भी कहा कि नौकरी लगने के बाद यह राशि लौटा दी जाएगी।
नौकरी की जरूरत के चलते सतीश ने आरोपी से कई बार बातचीत की। 7 जनवरी 2026 को उसे पैसे लेकर खंडवा आने और वहां से बोरगांव पहुंचने को कहा गया। इसके बाद सतीश अपने दोस्त नवीन कुमार के साथ ट्रेन से खंडवा पहुंचा और 9 जनवरी की सुबह बस से बोरगांव गया।
बोरगांव में शहीद मनोज गोलकर की प्रतिमा के पास सतीश ने आरोपी को अपनी लोकेशन भेजी। कुछ देर बाद एक युवक मोटरसाइकिल से आया और खुद को आरोपी का साथी बताते हुए “सेठ” से मिलवाने के बहाने सतीश को साथ ले गया।
नवीन कुमार नाश्ता करने चला गया, इसी दौरान सतीश को मोटरसाइकिल से एक जंगलनुमा सुनसान इलाके में ले जाया गया, जहां पहले से छह युवक मौजूद थे। आरोपितों ने उससे 20 हजार रुपये मांगे, जिस पर उसने अपने पास मौजूद 10 हजार रुपये नकद दे दिए।
इसके बाद आरोपितों ने सतीश का मोबाइल फोन लेकर पासवर्ड पूछा और फोन में छेड़छाड़ की। कुछ देर बाद उसे गांव डोंगरगांव बस स्टैंड पर छोड़ दिया गया और धमकाते हुए वहां से भगा दिया गया।
इसी दौरान असम निवासी प्रोदीप बोरा भी वहां पहुंचा, जिसने बताया कि आरोपितों ने उसके मोबाइल से 27 हजार रुपये ऑनलाइन ट्रांसफर कर लिए और मोबाइल को फॉर्मेट कर डेटा डिलीट कर दिया। जांच में सतीश के मोबाइल से भी 5900 रुपये एक यूपीआई आईडी पर ट्रांसफर होना पाया गया।
घटना के बाद डरे-सहमे पीड़ितों ने हिम्मत जुटाकर बोरगांव पुलिस चौकी पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू की है। प्रारंभिक जांच में यह मामला संगठित ठगी गिरोह से जुड़ा होने की आशंका जताई जा रही है।
मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरु की है। प्राथमिक जांच में बिलखेड़ी सरायब के ग्राम के कुछ संदिग्धों के बारे में जानकारी मिली थी। पूछताछ के लिए उन्हें हिरासत में लिया है। जल्द ही मामले का खुलासा किया जाएगा।
-रामप्रकाश यादव, चौकी प्रभारी, बोरगांव