चाइल्ड लाइन ने रुकवाया बाल निकाह
शहर के औरंगपुरा क्षेत्र में रविवार को चाइल्ड लाइन की टीम ने पुलिस की मदद से एक किशोरी का निकाह रुकवाया। टीम करीब तीन बजे मौके पर पहुंची। ...और पढ़ें
By Nai Dunia News NetworkEdited By: Nai Dunia News Network
Publish Date: Sun, 27 Feb 2022 07:20:44 PM (IST)Updated Date: Sun, 27 Feb 2022 07:20:44 PM (IST)

खरगोन। शहर के औरंगपुरा क्षेत्र में रविवार को चाइल्ड लाइन की टीम ने पुलिस की मदद से एक किशोरी का निकाह रुकवाया। टीम करीब तीन बजे मौके पर पहुंची। यहां शादी में आए लोग आयोजन की तैयारियों में व्यस्त थे, अचानक टीम को देखते ही सबके होश उड़ गए। टीम में शामिल दीपक भाभरे, संतोष जमरे, नंदराम चौहान आदि ने बताया कि चाईल्ड लाईन के हेल्पलाइन नंबर पर बाल निकाह की सूचना मिली थी, इसके आधार पर पुलिस और महिला बाल विकास विभाग को सूचना दी गई। पुलिस की मदद से टीम सदस्यों ने मौके पर पहुंचकर परिजनों को समझाईश दी। भाभरे के मुताबिक परिजनों से किशोरी की उम्र 17 वर्ष सात माह बताई गई। परिजनों को समझाईश दी कि बाल विवाह कानूनी अपराध है, लड़की के बालिग होने पर ही उसका विवाह करें। इस पर स्वजनों ने सहमति जताई। कार्रवाई के दौरान आंगनवाड़ी कार्यकर्ता भी मौजूद रही।
रखरखाव के अभाव में सुविधाघर बना दुविधाघर
खरगोन(नईदुनिया प्रतिनिधि)
स्वच्छता सर्वेक्षण के तहत चलाए गए ओडीएफ अभियान के तहत लोगों के खुले में मल-मूत्र त्याग करने की आदत बंद करवाने के लिए नगरपालिका द्वारा नगर में विभिन्ना स्थानों पर सामुदायिक शौचालय व सुविधाघर स्थापित किए गए हैं। लेकिन रखरखाव नहीं होने के कारण यह सुविधाघर अब रहवासियों के लिए दुविधाघर बनते जा रहे हैं। रविवार को ऐसी ही शिकायत घनी आबादी वाले इलाके खसखसवाड़ी के रहवासियों ने की।
रहवासी रहमान, साबिर, जाहिद, अय्युब आदि ने बताया कि शौचालय पानी निकासी की नाली निजी जमीन पर होने से करीब तीन माह से बंद कर दी गई है। इसके बाद से समस्या खड़ी हो गई है। यहां क्षेत्र में राष्ट्रीय गंदी बस्ती योजना के तहत बने सुलभ शौचालय काम्प्लेक्स के करीब 14 शौचालय व मूत्रालय गंदगी से पटे रहते हैं। इसके कारण लोग उनका इस्तेमाल करने में कतराते हैं और मजबूरन खुले में मल-मूत्र त्याग करने को विवश हैं। रहवासियों का कहना है कि यहां रखरखाव के लिए ठेकेदार को 100 से अधिक घरों से हर घर से 50 रुपये प्रतिमाह का भुगतान भी किया जाता है। बावजूद इसके समस्या का हल नहीं हो पा रहा। दुर्गंध व गंदगी से आसपास के रहवासियों का घर में रहना दूभर हो गया है। रविवार को रहवासियों के आक्रोश को देखते हुए नपाकर्मी मौके पर पहुंचे और यहां साफ-सफाई करवाई गई लेकिन रहवासी संतुष्ट नजर नहीं आए। उनका कहना था कि जब तक निकासी की व्यवस्था नहीं होती तब तक यह समस्या बनी रहेगी।