नईदुनिया, प्रतिनिधि, राजगढ़। राजगढ़ जिले में गांवों तक पानी की सप्लाई और प्रशासनिक कार्यों को लेकर जनप्रतिनिधियों का गुस्सा फूट पड़ा है। खिलचीपुर के गायत्री मंदिर में आयोजित 'मुख्यमंत्री जन विश्वास कार्यक्रम' के शिविर के दौरान राजगढ़ विधानसभा क्षेत्र के विधायक अमरसिंह यादव के तीखे तेवर देखने को मिले।
जल निगम द्वारा गांवों में पानी न पहुंचाए जाने और कामकाज में लापरवाही पर विधायक ने जल निगम के जीएम (महाप्रबंधक) यूके चौधरी को खरी-खोटी सुनाई। इस दौरान मंच पर तीखी बहस और हंगामा भी हुआ, जिसे बाद में पुलिस अधिकारियों और अन्य प्रशासनिक अमले ने शांत कराया।
सरपंच प्रतिनिधि की शिकायत पर गरमाया माहौल
शिविर के दौरान राजगढ़ विधानसभा क्षेत्र के ग्राम पंचायत खंडारबे के सरपंच प्रतिनिधि देवीसिंह तंवर अपनी पंचायत के गांवों में जल निगम का पानी न पहुंचने की शिकायत लेकर पहुंचे थे। ग्रामीण फूलसिंह तंवर ने बताया कि उनके यहां डेढ़ साल पहले सिर्फ दो दिन नल चले थे, जिसके बाद से पानी बंद है।
खंडारबे के अलावा परसपुरा, किशनपुरिया, झरन्या, लालपुरिया, सुआहेड़ी और डालूपुरा सहित कई गांवों में पेयजल संकट बना हुआ है। जब ग्रामीणों ने जल निगम के अधिकारियों से शिकायत की, तो उन्हें टाला जाने लगा।
'पूरे जल निगम को बर्बाद कर रखा है'
शिविर में जब ग्रामीणों ने अपनी पीड़ा रखी, तो विधायक अमरसिंह यादव जल निगम के कामकाज को लेकर सख्त हो गए। उन्होंने समीप बैठे कलेक्टर डॉ. गिरीश कुमार मिश्रा से कहा कि ये (जल निगम वाले) अधिकारी सिर्फ बेवकूफ बनाते हैं और धरातल पर पानी नहीं दे रहे हैं।
विधायक ने जीएम यूके चौधरी पर नाराजगी जताते हुए कहा,
"बेवकूफ बना रहे हो, झूठ बोल रहे हो तुम। पूरे जल निगम को तुमने बर्बाद कर रखा है। डालूपुरा चार किलोमीटर दूर है, वहां पानी नहीं मिल रहा और झूठे दावे किए जा रहे हैं।"
इस दौरान जीएम अपनी सफाई देते हुए बीच में बात रखना चाहते थे, लेकिन विधायक ने उनकी बात सुनने से इनकार कर दिया और कलेक्टर से देखने को कहा। 'पंचायतें ऑपरेटर नहीं रखेंगी तो एक भी गांव नहीं चलेगा'
विधायक की तीखी नाराजगी के जवाब में जल निगम के जीएम यूके चौधरी ने अपनी दलील देते हुए कहा कि भोजपुर गांव को कई बार चालू करके दिया गया, लेकिन पंचायत ने उसे टेकओवर नहीं किया। एक साल में सवा सौ से ज्यादा गांव इस क्षेत्र में चालू कराए गए हैं।
जीएम ने स्पष्ट शब्दों में कहा,
"पंचायतें ऑपरेटर नहीं रखेंगी तो सर एक भी गांव नहीं चलेगा। जो काम मेरे अधिकार क्षेत्र में नहीं है, वह मैं नहीं करूंगा।"
इस पर विधायक ने कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि इसे लिखित में कलेक्टर साहब को दें।
शमशान के रास्ते और पुलिया निर्माण को लेकर भी जताई नाराजगी
शिविर में सिर्फ पानी ही नहीं, बल्कि अन्य विकास कार्यों की लेटलतीफी का मुद्दा भी छाया रहा। शमशान के रास्ते के विवाद को लेकर विधायक अमरसिंह यादव ने अधिकारियों को आड़े हाथों लिया। उन्होंने कहा कि एक साल से शमशान के रास्ते के लिए कह रहे हैं, लेकिन अधिकारी मौके पर जाते ही नहीं हैं। भोपालपुरा भूमड़िया पपड़ेल के पास शमशान का रास्ता गांव वालों के कब्जे में है, जबकि वहां पुलिया भी स्वीकृत हो चुकी है लेकिन उसका निर्माण नहीं कराया जा रहा है।
इस महत्वपूर्ण शिविर के दौरान राजगढ़ विधायक अमरसिंह यादव, खिलचीपुर विधायक हजारीलाल दांगी, कलेक्टर डॉ. गिरीश कुमार मिश्रा, एसपी अमित तोलानी सहित विभिन्न विभागों के प्रमुख अधिकारी मौजूद रहे।