
नईदुनिया न्यूज, नामली (रतलाम) : शनिवार देर रात करीब 11 बजे फोरलेन पर पल्दूना फंटा के पास तेज रफ्तार फोर्ड ईकोस्पोर्ट कार अनियंत्रित होकर डिवाइडर से टकराकर पलट गई। हादसे के बाद कार में जोरदार ब्लास्ट होता हुआ दिखाई दिया। हालांकि पुलिस ने ब्लास्ट से इंकार कर इसे रिफ्लेक्शन बताया है। हादसा सीसीटीवी कैमरे में कैद हुआ है। कार में सवार पांचों युवक सुरक्षित बाहर निकल आए थे। पांचों को मामूली चोटें आईं, जबकि कार पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई।
पीथमपुर निवासी पांच युवक शनिवार शाम करीब 7 बजे कार (क्रमांक एमपी 09 सीपी 1145) से राजस्थान स्थित सांवलिया जी दर्शन के लिए निकले थे। कार 25 वर्षीय सचिन सोंधी चला रहा था। कार में 24 वर्षीय प्रिंस सिंह, 24 वर्षीय अनुपम केसरवानी,26 वर्षीय सोनरजीत यादव और 19 वर्षीय आशीष सवार थे। सभी पीथमपुर क्षेत्र में निजी कंपनियों में कार्यरत बताए गए हैं।

हादसे के बाद डिवाइडर पर पलटी कार। (नईदुनिया)
पल्दूना जाने वाले कट के पास एक अन्य कार को बचाने के प्रयास में सचिन ने अचानक ब्रेक लगाया। उस समय कार की रफ्तार करीब 70 से 80 किलोमीटर प्रतिघंटा थी। अचानक ब्रेक लगने से कार अनियंत्रित हो गई और डिवाइडर से टकराकर पलटियां खाते हुए सड़क पर जा गिरी।
हादसे के बाद आसपास मौजूद ग्रामीणों ने कार सवार युवकों को बाहर निकाला। कुछ देर में नामली थाना प्रभारी अमित कोरी बल के साथ मौके पर पहुंचे और घायलों को नामली स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया। रविवार को सभी इंदौर के लिए रवाना हो गए। पल्दूना जाने के लिए फोरलेन पर बने कट पर पहले भी हादसे हो चुके है। यहां कट के दोनों ओर स्पीड ब्रेकर बनाए गए हैं। लेकिन रिफ्लेक्टर या रंग नहीं होने से दिखाई नहीं देते है।
ऑटोमोबाइल इंजीनियर आकाश जोशी के अनुसार कार की बैटरी में खराबी या एयरबैग सक्रिय होने के दौरान पायरोटेक्निक इन्फ्लेटर की रासायनिक प्रक्रिया से तेज आवाज, फ्लैश और सफेद धुआं निकल सकता है। इससे आग लगने या ब्लास्ट होने जैसा भ्रम हो सकता है। घटनास्थल पर धूल का गुबार उड़ने और वाहनों की पीली रोशनी पड़ने से भी ऐसा दृश्य दिखाई देने की संभावना है। घटना में वास्तव में ब्लास्ट किस वजह से हुआ, इसकी पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।
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