
नईदुनिया प्रतिनिधि, रतलाम/सिखेड़ी। नामली थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम सिखेड़ी में रविवार सुबह एक बुजुर्ग का शव मिलने से क्षेत्र में सनसनी फैल गई। बुजुर्ग का शव उनके घर के बरामदे में पड़ा मिला। जांच में सामने आया कि शराब के नशे में पैसों को लेकर हुए विवाद के दौरान मृतक 75 वर्षीय गणपतलाल पुत्र मांगीलाल मोगिया के बेटे राधेश्याम ने ही लकड़ी से हमला कर पिता की हत्या कर दी। जांच के बाद पुलिस ने आरोपित बेटे 35 वर्षीय राधेश्याम मोगिया के खिलाफ प्रकरण दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया।
मृतक गणपतलाल के भाई नानूराम ने पुलिस को बताया कि वे आठ भाई हैं और सभी अलग-अलग स्थानों पर रहते हैं। शनिवार-रविवार रात करीब 12 से 01 बजे के बीच गणपतलाल और बेटे राधेश्याम के बीच शराब पीने के दौरान पैसों को लेकर विवाद हो रहा था। विवाद के दौरान नानूराम और बेटा घनश्याम समझाने पहुंचे। इसी दौरान राधेश्याम ने गणपतलाल को धमकी देते हुए कहा कि आज तुझे जान से मार दूंगा और जान से मारने की नीयत से लकड़ी से गणपतलाल के सिर पर वार कर दिया।
हमले से गणपतलाल की दाहिनी आंख और नाक के ऊपर गंभीर चोट आई और खून बहने लगा। बीच-बचाव करने पर राधेश्याम मौके से भाग गया। इसके बाद घायल गणपतलाल, नानूराम के घर आकर सो गए। सुबह जब उन्हें उठाने का प्रयास किया गया तो उनकी सांस नहीं चल रही थीं। घटना की सूचना आसपास के लोगों और गांव के चौकीदार मुकेश को दी गई। मौके पर पहुंचकर देखने पर गणपतलाल की मृत्यु हो चुकी थी। नानूराम ने आरोप लगाया कि भतीजे राधेश्याम ने लकड़ी से हमला कर जान से मारने की नीयत से हत्या की है।
सूचना पर एएसपी राकेश खाखा, एफएसएल अधिकारी अतुल मित्तल, एसडीओपी किशोर पाटनवाला व थाना प्रभारी गायत्री सोनी पहुंचे और स्वजनों से पूछताछ की। पूछताछ में सामने आया कि रात में गणपतलाल और राधेश्याम के बीच पैसे लेने को लेकर विवाद हुआ था। राधेश्याम इकलौता बेटा था और गणपतलाल उसे खर्च के रुपये देता रहता था।
लकड़ी से वार करने के बाद राधेश्याम रात में ही खेत की ओर भाग गया था। घायल गणपतलाल भी बगैर इलाज कराए सो गए। पुलिस ने दोपहर में राधेश्याम को हिरासत में ले लिया। पोस्टमार्टम होकर शव आने के बाद पुलिस राधेश्याम को पिता के अंतिम संस्कार में लेकर पहुंची और मुखाग्नि दिलवाई। इसके बाद उसे थाने लेकर पहुंची और गिरफ्तार किया। सोमवार को राधेश्याम को न्यायालय में पेश किया जाएगा।