‘गलती हो गई सर, अब नहीं होगा’, जिस गली में मारे थे पत्थर पुलिस ने वहीं निकाला गुंडों का जुलूस
बीते गुरुवार की रात शहर के वार्ड क्रमांक 15 में देर रात नशेडियों को समझाने गए पुलिस के जवानों से पहले बहस करना व जब अन्य ओर जवानों के साथ पुलिस एक आरो ...और पढ़ें
Publish Date: Sat, 10 Jan 2026 10:04:35 PM (IST)Updated Date: Sat, 10 Jan 2026 10:11:27 PM (IST)
सतना में पुलिस ने निकाला गुंडों का जुलूस।HighLights
- दो दिन पहले पुलिस के जवानों को गाली दी थी।
- देते हुए मारे थे पत्थर, दौड़ाकर उनको भगाया था।
- अब पुलिस ने सबकी हेकड़ी निकालकर रख दी।
सतना। बीते रात उपद्रवियों को शांत कराने व पकडऩे गए पुलिस जवानों पर गाली-गलौज करते हुए उन्हें पथराव करने वालों का शानिवार की रात करीब आठ बजे कोलगवां पुलिस ने उसी मोहल्ले में जुलूस निकाला।
पुलिस ने पकड़े गए चार आरोपितों हरे यादव, लल्लू पटेल, शनि कुशवाहा एव साहिद गुप्ता को उसी गली ले गई, जहां आरोपितों ने गाली देते हुए पुलिस के जवानों के ऊपर देर रात पत्थर बरसाए थे और उन्हें भागने पर मजबूर किया था।
पुलिस द्वारा निकाले गए जुलूस में पकड़े गए चार आरोपित लंगड़ाते हुए चल रहे और सिर्फ एक वाक्य ‘गलती हो गई सर, अब नहीं होगा’ कहते व उसी को दोहराते हुए दिखाई दिए।
आरोपितों के खिलाफ पुलिस ने बीएनएस कि धारा 109 हत्या का प्रयास, शासकीय सेवक पर हमला बीएनएस के तहत धारा १३२ व अन्य इत्यादि धाराओं पर अपराध दर्ज करते हुए हिरासत में लिया है। फिलहाल चार ही आरोपित पुलिस के पकड़ में है, बाकी सात अन्य की तालाश जारी है।
वायरल हुआ था वीडियो
बीते गुरुवार की रात शहर के वार्ड क्रमांक 15 में देर रात नशेडियों को समझाने गए पुलिस के जवानों से पहले बहस करना व जब अन्य ओर जवानों के साथ पुलिस एक आरोपित को पकडऩे गई तो उस वक्त करीब सात-आठ की संख्या में एकत्रित युवकों द्वार मां-बहन की गाली देते हुए पुलिस के जवानों पर पत्थर बरसाना शुरू कर दिए। हालात यह निर्मित हो गए कि पुलिस के जवानों को ही वापस भागना पड़ गया। इस पूरे घटनाक्रम का वीडियो देर रात ही स्थानीय रहवासियों द्वारा सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया गया था। इसे बाद में अन्य भी लोगों ने वायरल किया।
लोगों ने दी टिप्पणी, कहा-पुलिस से ऊपर अपराधी
इस घटना के बाद स्थानीय लोगों ने सोशल मीडिया पर पुलिस के भागने व आरोपित युवकों द्वारा पत्थर बरसाने का वीडियों बहुप्रसारित किया और उस पर अपनी टिप्पणी देते हुए पुलिस के असहाय होते व अपराधियों के हौसले बुलंद होने की विचार भी रखें। जिसके बाद शहर में पुलिस कि छबि भी धूमिल हुई तो वहीं पुलिस की सुरक्षा पर भी भरोसा कमजोर हुआ।