
नईदुनिया प्रतिनिधि, मैहर। आज मैहर की कलेक्टर विदिशा मुखर्जी शिक्षक की भूमिका में रहीं। कलेक्टर ने छात्रों से पूछा कि कलेक्टर कैसे बनते हैं और उनकी जिम्मेदारियां क्या होती हैं। एक छात्रा ने जवाब दिया कि कलेक्टर स्कूल का निरीक्षण करती हैं। 60 बच्चों में से कोई भी सवाल का सही जवाब नहीं दे सका।
दरअसल, जिले के गोरसरी शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय के निरीक्षण के दौरान कलेक्टर विदिशा मुखर्जी को जवाब नहीं मिला। छात्रों की कमजोर तैयारी देखकर नाराजगी जताई और शिक्षकों की जवाबदेही तय करते हुए कार्रवाई की चेतावनी दी।
कलेक्टर ने प्राचार्य ज्ञानेंद्र प्रताप सिंह और राजनीति शास्त्र के अतिथि शिक्षक रामप्रकाश तिवारी को कारण बताओ नोटिस जारी किया। बोलीं-परीक्षा में लगभग पांच महीने का समय है और यदि पढ़ाई की स्थिति में सुधार नहीं हुआ तो संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
छात्रों के कमजोर प्रदर्शन के बाद कलेक्टर ने सभी शिक्षकों को बुलाया और पढ़ाई की स्थिति और परीक्षा की तैयारियों पर सवाल-जवाब किए। निरीक्षण के दौरान यह भी सामने आया कि छात्रों की विषयगत समझ अपेक्षित स्तर से काफी कम है। कलेक्टर ने शिक्षकों को पढ़ाई की गुणवत्ता सुधारने के निर्देश दिए।
बातचीत के दौरान एक छात्र ने भारतीय क्रिकेटर विराट कोहली बनने की इच्छा जताई। कलेक्टर ने उससे क्रिकेट टीम के खिलाड़ियों के नाम पूछे, जिनका उसने सही जवाब दिया। कलेक्टर ने छात्रों को समझाया कि जिस तरह वे खेल में रुचि रखते हैं, उसी तरह पढ़ाई में भी मेहनत करनी चाहिए।
कलेक्टर को सामने देखकर जहां विद्यार्थी पहले निरीक्षण की उम्मीद कर रहे थे, वहीं कुछ ही देर में माहौल बदल गया। कक्षा 10वीं में पहुंचीं कलेक्टर बिदिशा मुखर्जी ने शिक्षक की भूमिका संभाली और विद्यार्थियों से पढ़ाई को लेकर संवाद शुरू कर दिया।
कलेक्टर ने उर्वरक, संविधान और बायोलॉजिकल सेल से जुड़े सवाल विद्यार्थियों से पूछे और उनके जवाब सुने। कलेक्टर के इस अंदाज से विद्यार्थी भी उत्साहित नजर आए और उन्होंने खुलकर संवाद किया।
मुख्यमंत्री जनविश्वास अभियान के तहत शुक्रवार को कलेक्टर बिदिशा मुखर्जी ने गुरसरी स्थित शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, शासकीय उचित मूल्य दुकान और आंगनवाड़ी केंद्र का निरीक्षण किया।
स्कूल में उन्होंने विद्यार्थियों की उपस्थिति, शैक्षणिक गतिविधियों, परिसर की व्यवस्थाओं और उपलब्ध मूलभूत सुविधाओं की जानकारी ली। विद्यार्थियों से बातचीत के दौरान उन्होंने कहा कि मेहनत और पढ़ाई के दम पर वे भविष्य में कलेक्टर, डॉक्टर, इंजीनियर, पुलिस अधिकारी बनने के साथ खेल के क्षेत्र में भी बेहतर मुकाम हासिल कर सकते हैं।
संचालक ने बताया कि दुकान में 516 हितग्राही दर्ज हैं, जिनमें से 400 को अब तक राशन दिया जा चुका है। कलेक्टर ने पात्र हितग्राहियों को समय पर और पारदर्शी तरीके से राशन उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
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