सिवनी में सिंचाई करने घर से खेत निकले किसान पर बाघ का हमला, मौत
सर्चिंग के दौरान पेंच टाइगर रिजर्व के गुमतरा कोर वन परिक्षेत्र में एक व्यक्ति कमल उइके (43) टिकारीमाल निवासी का शव क्षत-विक्षत अवस्था में मिला था, जिस ...और पढ़ें
Publish Date: Sat, 17 Jan 2026 07:21:22 PM (IST)Updated Date: Sat, 17 Jan 2026 07:36:19 PM (IST)
किसान पर बाघ ने किया हमला।HighLights
- सिंचाई करने घर से खेत निकले किसान बाघ का हमला।
- पेंच टाइगर रिजर्व के कुंभपानी बफर क्षेत्र में रात हुई घटना।
- मृतक के भाई को वन अमले ने मुआवजे का चैक सौंपा।
नईदुनिया प्रतिनिधि, सिवनी। पेंच टाइगर रिजर्व के छिंदवाड़ा क्षेत्र में बिछुआ थाना अंतर्गत जंगल से घिरे गुमतरा गांव में 16-17 जनवरी की रात खेत में सिंचाई करने घर से पैदल निकले किसान राजकुमार पुत्र सीताराम कहार (38) पर बाघ ने हमला कर दिया, जिससे किसान की मौके पर मौत हो गई।
जानकारी के अनुसार कुछ देर बाद मृतक का छोटा भाई राजेश कहार भी बाइक से सिंचाई करने खेत गया था, जिसने रास्ते में बाघ को देखा लेकिन बाघ के हमले की घटना से बेखबर राजेश जब खेत पहुंचा तो उसे बड़ा भाई कहीं नहीं दिखा। इसके बाद राजेश वापस घर पहुंचकर राजकुमार के बारे में पता किया। खेत से राजकुमार के वापस नहीं लौटने की जानकारी मिलने पर वन अमले व बिछुआ थाना पुलिस को सूचना दी गई।
सर्चिंग के दौरान मिला शव
- पेंच के वन अमले व पुलिस विभाग के संयुक्त दल को सर्चिंग के दौरान रात लगभग 3 बजे मृतक राजकुमार कहार का शव कुंभपानी बफर वनपरिक्षेत्र अंतर्गत गुमतरा बीट के कक्ष क्र. पीएफ 1409 लालमाटी क्षेत्र में मिला है।
- पेंच टाइगर रिजर्व के डिप्टी डायरेक्टर रजनीश सिंह ने बताया कि घटना स्थल के पास बाघ को देखा गया साथ ही मौके पर बाघ के पगमार्क भी पाए गए।
- हमले के बाद बाघ ने मृतक राजकुमार के शव को खाने का प्रयास नहीं किया। पंचनामा कार्रवाई के बाद सिविल अस्पताल बिछुआ लाकर 17 जनवरी को मृतक के शव का पोस्ट मार्टम कराया गया।
- प्रथम दृष्टया बाघ के हमले किसान की मौत होने पर पेंच टाइगर रिजर्व प्रबंधन ने मृतक के छोटे भाई राजेश कहार को शासन की नियमावली अनुसार सहायता राशि का चैक सौंप दिया है।
15 दिनों में बाघ के हमले में दूसरी मौत
गौरतलब है कि 6 जनवरी को सर्चिंग के दौरान पेंच टाइगर रिजर्व के गुमतरा कोर वन परिक्षेत्र में एक व्यक्ति कमल उइके (43) टिकारीमाल निवासी का शव क्षत-विक्षत अवस्था में मिला था, जिसकी मौत बाघ के हमले में होना पाया गया था। मृतक मछली पकड़ने प्रतिबंधित वन क्षेत्र में गया था, जिसके वापस नहीं लौटने पर स्वजनों ने इसकी सूचना वन अधिकारियों व पुलिस प्रशासन को दी गई थी।