नुक्कड़ नाटक के माध्यम से दिया बाल विवाह रोकथाम का संदेश
शाजापुर। चाइल्ड लाइन से दोस्ती सप्ताह 2021 के दूसरे दिन टीम द्वारा महिला एवं बाल विकास विभाग, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, पुलिस विभाग के सहयोग से बाल व ...और पढ़ें
By Nai Dunia News NetworkEdited By: Nai Dunia News Network
Publish Date: Mon, 15 Nov 2021 07:35:39 PM (IST)Updated Date: Mon, 15 Nov 2021 07:35:39 PM (IST)

शाजापुर। चाइल्ड लाइन से दोस्ती सप्ताह 2021 के दूसरे दिन टीम द्वारा महिला एवं बाल विकास विभाग, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, पुलिस विभाग के सहयोग से बाल विवाह की रोकथाम व दुष्परिणाम की जनमानस में जागरूकता जरूरी है। इस उद्देश्य से शहर के प्रमुख स्थानों बस स्टैंड, चौक बाजार में बाल विवाह पर नुक्कड़ नाटक की प्रस्तुति के माध्यम से यह संदेश दिया गया कि बच्चों को दो पढ़ाने की राह, बंद करो ये बाल विवाह, साथ ही नाटक में यह बताया गया कि किस प्रकार से कोई भी नागरिक बाल विवाह जैसी कुप्रथा को रोकने में एक फोन कॉल लगाकर अपना सहयोग प्रदान कर सकता है।
इस अवसर पर सेंटर कोआर्डिनेटर देवेन्द्र गोठी ने बताया कि चाइल्ड लाइन शाजापुर द्वारा बाल विवाह मुक्त शाजापुर अभियान शुरू किया जा रहा है। इसमें आमजन को बाल विवाह के दुष्परिणामों एवं रोकथाम के लिए चाइल्ड लाइन एवं महिला बाल विकास की कार्यप्रणाली से अवगत कराया जा रहा है। साथ ही टीम द्वारा आमजन से अपील की जा रही है कि सभी बाल विवाह मुक्त शाजापुर बनाने में अपना सहयोग प्रदान करें एवं बाल विवाह की सूचना मिलने पर चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 पर जानकारी दें।
जनजागरूकता जरूरी
इस दौरान बताया गया कि विवाह के लिए लड़का व लड़की को बालिग होना जरूरी होता है। लड़की की उम्र 18 वर्ष तथा लड़के की उम्र 21 वर्ष से कम नहीं होना चाहिए। इससे कम उम्र में विवाह करना कानूनी रूप अपराध की श्रेणी में आता है। वयस्क होने पर विवाह करने से लड़का व लड़की दोनों को विवाह के बंधन का महत्व तथा जिम्मेदारियों का अहसास रहता है। बाल विवाह जैसी कुप्रथा समाज के लिए किसी अभिशाप से कम नहीं है। बाल विवाह के प्रति जनजागरूकता भी काफी जरूरी है। शासन-प्रशासन तो अपने स्तर से लगातार कार्य कर ही रहा है। बाल विवाह रोकने के लिए कानून भी बनाए गए हैं। आम लोगों को भी कर्तव्य है कि बाल विवाह जैसी बुराई को रोकने में बराबर साथ दे। यदि आपको कहीं भी बाल विवाह होने की जानकारी लगे तो आप प्रशासन को इस बात की जानकारी दे सकते हैं।
इनका रहा सहयोग
नुक्कड़ नाटक में महिला बाल विकास विभाग से राघवेन्द्र मीणा, पुलिस विभाग से यातायात प्रभारी सत्येंद्र सिंह राजपुत, चाइल्ड लाइन टीम सदस्य, विधिक सेवा कर्मचारी शुभम राजावत, जैद खान एवं पुलिस कर्मचारीगण, पत्रकारगण तथा विद्यार्थी कपिल गुर्जर, कृतिका बैरागी, उन्नाति जैन, नकुल बैरागी, मृत्युंजय बैरागी आदि का सराहनीय सहयोग रहा।