
नईदुनिया प्रतिनिधि, श्योपुर। आगामी दिनों में जिले में ठंड की तीव्रता बढ़ने और शीतलहर की स्थिति बनने की संभावना को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग अलर्ट मोड पर आ गया है। स्वास्थ्य विभाग ने शीतलहर से बचाव संबंधी एडवायजरी जारी की है। विभाग ने आमजन से सतर्कता बरतने और आवश्यक सावधानियां अपनाने की अपील की है।
स्वास्थ्य विभाग के अनुसार दिसंबर और जनवरी के बीच शीतलहर का प्रभाव सबसे अधिक रहता है। बढ़ती ठंड बुजुर्गों, पांच वर्ष से कम उम्र के बच्चों, पहले से बीमार व्यक्तियों, दिव्यांगजन तथा खुले स्थानों पर काम करने वाले श्रमिकों और छोटे व्यवसायियों के लिए गंभीर खतरा बन सकती है। विभाग ने चेतावनी दी है कि आने वाले दिनों में शीतलहर और तीव्र शीतलहर दोनों की स्थिति बन सकती है।
यह भी पढ़ें- इंदौर भागीरथपुरा में 'रिंग सर्वे' शुरू, 20 टीमों ने 3600 से अधिक घरों को खंगाला, 203 मरीज अब भी अस्पताल में भर्ती
एडवायजरी में बताया गया है कि मधुमेह, उच्च रक्तचाप, हृदय एवं सांस संबंधी रोगों से पीड़ित मरीजों पर ठंड का असर अधिक पड़ता है। अत्यधिक ठंड के कारण हाइपोथर्मिया, निमोनिया, अस्थमा अटैक और हार्ट अटैक जैसी गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं का जोखिम बढ़ जाता है।
स्वास्थ्य विभाग ने आमजन को सलाह दी है कि अत्यधिक ठंड में अनावश्यक रूप से बाहर निकलने से बचें, गर्म कपड़े पहनें, गुनगुना पानी पिएं और शरीर को गर्म रखने वाले पौष्टिक खाद्य पदार्थों का सेवन करें। घरों में अंगीठी या हीटर का उपयोग करते समय पर्याप्त वेंटिलेशन बनाए रखना आवश्यक है। हृदय एवं श्वास रोगियों को बिना चिकित्सकीय परामर्श कोई भी दवा न लेने की सख्त हिदायत दी गई है। किसी भी असामान्य लक्षण पर तत्काल नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र से संपर्क करने की अपील की गई है।