
नईदुनिया प्रतिनिधि, शिवपुरी। रन्नौद थानांतर्गत ग्राम बामौरकलां में एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहाँ एक युवती (अनीता) अपने रिश्तेदार देवेंद्र कुशवाह के साथ भाग गई। युवती के परिजनों को संदेह है कि उनकी बहू रेखा ने ही उसे भगाने में मदद की है। इसी शक के चलते रेखा के साथ न केवल मारपीट की जा रही है, बल्कि उसके पति और मासूम बच्चे को भी निशाना बनाया जा रहा है। थाने में सुनवाई न होने के बाद पीड़िता ने पुलिस अधीक्षक (एसपी) कार्यालय पहुंचकर न्याय की गुहार लगाई है।
जानकारी के अनुसार, बामौरकलां निवासी रेखा कुशवाह की मौसी का बेटा देवेंद्र अक्सर रेखा के घर आता-जाता था। इसी दौरान उसकी पहचान रेखा के चाचा ससुर शिशुपाल कुशवाह की बेटी अनीता से हुई। दोनों के बीच प्रेम प्रसंग शुरू हो गया और उन्होंने साथ रहने का फैसला कर लिया। जब अनीता के परिजनों ने उसके लिए लड़का देखना शुरू किया, तो उसने देवेंद्र से शादी की इच्छा जताई, लेकिन परिजनों ने साफ मना कर दिया।
रेखा के अनुसार, अनीता को देखने के लिए 29 दिसंबर को लड़का आने वाला था, लेकिन वह एक रात पहले 28 दिसंबर को ही देवेंद्र के साथ भाग गई। इसके बाद अनीता के परिजन - जिनमें शिशुपाल, लक्ष्मण, सुरेश, माखन, राजेश, पिंकी, किरन और अन्य शामिल हैं - रेखा के घर पहुंचे। उन्होंने रेखा के साथ मारपीट की और उसके आठ साल के बेटे को जान से मारने की धमकी दी। मंगलवार सुबह भी आरोपियों ने घर में घुसकर सामान की तोड़फोड़ की और रेखा की सास व बच्चे के साथ मारपीट कर घर में आग लगाने का प्रयास किया।
पीड़िता रेखा ने बताया कि जब वह शिकायत लेकर रन्नौद थाने पहुंची, तो पुलिस ने उसकी बात सुनने के बजाय उसे ही डांट दिया। पुलिस का कहना था कि चूंकि उसने लड़की को भगाया है, इसलिए परिजन तो मारपीट करेंगे ही। इस रवैये से परेशान होकर रेखा एसपी ऑफिस पहुंची और शिकायत दर्ज कराते हुए मांग की कि असली आरोपियों (देवेंद्र और उसके परिवार) पर कार्रवाई की जाए और उसके परिवार पर हो रहे हमलों को रोका जाए।
यह भी पढ़ें- कनाडा के आतंकी का नाम लेकर डराया, फिर 6 दिन तक घर में ही किया 'अरेस्ट', शिवपुरी में बड़ी वारदात