Ujjain Mahakal: बाबा महाकाल की निकलेगी पांचवीं सवारी, इस बार पांच स्वरूपों में भक्तों को देंगे दर्शन
सवारी को भव्य स्वरूप देने के लिए चार जनजातीय कलाकारों के दल सवारी में सहभागिता करेंगे। बैतूल से मिलाप इवने के नेतृत्व में गौंड जनजातीय ठाट्या नृत्य, ख ...और पढ़ें
Publish Date: Sun, 10 Aug 2025 10:14:23 PM (IST)Updated Date: Sun, 10 Aug 2025 10:14:23 PM (IST)
बाबा महाकाल की निकलेगी पांचवीं सवारी।HighLights
- बाबा महाकाल की निकलेगी पांचवीं सवारी
- इस बार पांच स्वरूपों में दर्शन देंगे बाबा
- लोक नृत्य कलाकारों के दल देंगे प्रस्तुति
नईदुनिया प्रतिनिधि, उज्जैन। भगवान महाकालेश्वर की श्रावण-भाद्रपद माह में निकलने वाली पांचवीं सवारी सोमवार को शाम 4 बजे निकलेगी। भक्तों को भगवान के पांच रूपों में दर्शन होंगे। पालकी में श्री चन्द्रमौलेश्वर, गजराज पर मनमहेश, गरूड़ रथ पर शिव तांडव, नंदी रथ पर उमा-महेश और डोल रथ पर श्री होल्कर स्टेट का मुखारविंद सम्मिलित रहेगा।
सवारी निकलने के पूर्व सभा मंडप में भगवान श्री चंद्रमौलेश्वर का विधिवत पूजन-अर्चन होगा। इसके बाद पालकी नगर भ्रमण पर रवाना होगी। मंदिर के मुख्य द्वार पर सशस्त्र पुलिस बल के जवानों द्वारा भगवान को सलामी दी जाएगी। बता दें कि यह भादौ मास की पहली सवारी है। 18 अगस्त को राजसी सवारी निकलेगी।
यह रहेगा सवारी का मार्ग
महाकाल मंदिर से शुरू होकर सवारी कोट मोहल्ला, गुदरी चौराहा, बक्षी बाजार, कहारवाड़ी होते हुए शिप्रा तट पहुंचेगी। यहां पूजा अर्चना के बाद सवारी रामानुजकोट, मोढ़ की धर्मशाला, कार्तिक चौक, ढाबारोड, टंकी चौरहा, छत्री चौक, गोपाल मंदिर, पटनी बाजार होते हुए शाम 7 बजे पुन: मंदिर पहुंचेगी।
जनजातीय एवं लोक नृत्य कलाकारों के दल देंगे प्रस्तुति
सवारी को भव्य स्वरूप देने के लिए चार जनजातीय कलाकारों के दल सवारी में सहभागिता करेंगे। बैतूल से मिलाप इवने के नेतृत्व में गौंड जनजातीय ठाट्या नृत्य, खजुराहो से गणेश रजक के नेतृत्व कछियाई लोक नृत्य, दमोह से पंकज नामदेव नेतृत्व में बधाई लोक नृत्य एवं डिण्डोरी के सुखीराम मरावी के नेतृत्व में गेडी जनजातीय नृत्य की प्रस्तुतियां होंगी।