Ujjain News: चामुंडा माता मंदिर के नाम एक साथ दो विश्व कीर्तिमान, पढ़िये यहां क्या है विशेष
Ujjain News: चामुंडा माता मंदिर समिति को पहला खिताब निर्धन व वंचित वर्ग के लिए आयोजित बुफे भोज के लिए मिला। ...और पढ़ें
By Hemant Kumar UpadhyayEdited By: Hemant Kumar Upadhyay
Publish Date: Mon, 01 Jan 2024 10:59:59 AM (IST)Updated Date: Mon, 01 Jan 2024 11:07:35 AM (IST)
पहला चित्र चामुंडा माता का, दूसरा चित्र रविवार को आयोजित भोज में प्रसादी ग्रहण करते श्रद्धालु।HighLights
- श्री चामुंडा माता मंदिर के लिए साल का आखिरी दिन खास रहा।
- गोल्डन बुक आफ वर्ल्ड रिकार्ड की टीम ने मंदिर के नाम दो विश्व कीर्तिमान दर्ज किए।
- चामुंडा माता मंदिर असंख्य भक्तों की आस्था का केंद्र है।
Ujjain News: नईदुनिया प्रतिनिधि, उज्जैन। श्री चामुंडा माता मंदिर के लिए साल का आखिरी दिन खास रहा। रविवार को गोल्डन बुक आफ वर्ल्ड रिकार्ड की टीम ने मंदिर के नाम दो विश्व कीर्तिमान दर्ज किए।
मंदिर में बने ये रिकार्ड
मंदिर समिति को पहला खिताब निर्धन व वंचित वर्ग के लिए आयोजित बुफे भोज के लिए मिला। दूसरा रिकार्ड मंदिर में एक ही स्थान पर 12 ज्योतिर्लिंग, 51 शक्तिपीठ, चार धाम व सप्तपुरियों के दर्शन कराने के लिए दर्ज किया गया। बता दें इससे पहले अगस्त 2022 में मंदिर के नाम सबसे ज्यादा खिचड़ी बनाने का विश्व रिकार्ड दर्ज है।
इसलिये है प्रसिद्ध मंदिर
उल्लेखनीय है कि चामुंडा माता मंदिर उज्जैन शहर के बीचोंबीच स्थित है। यहां देवी मां छत्रेश्वरी और चामुंडा माता के रूप में विराजित हैं। मंदिर में देवी मां पूर्व दिशा की ओर मुख करके विराजी हैं।
नवरात्र में होती है विशेष पूजा
चामुंडा माता मंदिर असंख्य भक्तों की आस्था का केंद्र है। इस मंदिर में शारदीय और चैत्र नवरात्र के अवसर पर विशेष पूजा और अनुष्ठान किए जाते हैं। नवरात्र की महाअष्टमी पर मंदिर में शासकीय पूजा भी संपादित की जाती है।
मंगलवार के दिन पूजा का विशेष महत्व
जानकारों के अनुसार चामुंडा माता मंदिर में मंगलवार के दिन पूजा का विशेष महत्व है। यहां प्रतिदिन बड़ी संख्या में श्रद्धालु दर्शन और पूजन के लिए पहुंचते हैं।