• Jagran.com
  • Jagran Josh
  • Her Zindagi
  • Onlymyhealth
  • Jagran TV
  • Vishvas News
  • Inextlive
  • मेरी खबरें
मेरी खबरें
  • होम
  • ताजा खबरें
  • मध्यप्रदेश
  • छत्तीसगढ़
  • उत्तर प्रदेश
  • देश
  • धर्म
  • मनोरंजन
  • राशिफल
  • लाइफस्टाइल
  • अन्य
    • बिज़नेस
    • बड़ी खबरें
    • खेल
    • विदेश
    • करियर
    • टॉपिक्स
    • टेक्नोलॉजी
    • शिक्षा
  • राज्य चुनें
  • ई-पेपर
  • राशिफल
  • राज्य चुनें
  • ई-पेपर
  • फटाफट
  • राशिफल
  • वेब स्टोरीज
नईदुनिया ट्रेंडिंग
  • बढ़ता यूपी
  • AI बूटकैंप
  • समृद्ध उत्तराखंड
  • गणेशोत्‍सव 2026
  • हनुमान अंश
  • Mutual Funds मास्टरी
  • मध्‍य प्रदेश की खबरें
  • राशि परिवर्तन
  • मानसून
  • स्वच्छ जल
  • होम
  • मध्य प्रदेश
  • उमरिया

एमपी के टाइगर रिजर्व 1 अक्टूबर से होंगे गुलजार, पहले 15 दिनों की बुकिंग फुल, बांधवगढ़-कान्हा में उमड़ेगी पर्यटकों की भीड़

मध्य प्रदेश के ज्यादातर टाइगर रिजर्व में अक्टूबर के पहले 15 दिनों की बुकिंग फुल हो चुकी है। यही स्थिति नवंबर में दीपावली के आसपास की भी है।

By SanjayKumar SharmaEdited By: Dheeraj Belwal
Publish Date: Sun, 20 Sep 2026 06:28:36 PM (IST)Updated Date: Sun, 20 Sep 2026 06:28:36 PM (IST)
एमपी के टाइगर रिजर्व 1 अक्टूबर से होंगे गुलजार, पहले 15 दिनों की बुकिंग फुल, बांधवगढ़-कान्हा में उमड़ेगी पर्यटकों की भीड़
टाइगर रिजर्व में पर्यटन के लिए बंपर बुकिंग।

HighLights

  1. एमपी के टाइगर रिजर्व में पर्यटन के लिए बंपर बुकिंग, बांधवगढ़ में 850 ने कराई
  2. दुर्गा पूजा, दीपावली से लेकर दिसंबर तक के लिए पर्यटक कर रहे हैं बुकिंग
  3. एमपी के टाइगर रिजर्व्स का जोन-वार व्हीकल कोटा और पूरा शेड्यूल जारी

संजय कुमार शर्मा, नईदुनिया प्रतिनिधि, उमरिया। मध्य प्रदेश के टाइगर रिजर्व एक अक्टूबर से खुलेंगे, लेकिन पार्क खुलने के पहले ही बुकिंग फुल होती जा रही है। मध्य प्रदेश के ज्यादातर टाइगर रिजर्व में अक्टूबर के पहले 15 दिनों की बुकिंग फुल हो चुकी है। यही स्थिति नवंबर में दीपावली के आसपास की भी है। चार महीने पहले बुकिंग कर लेने का लाभ उठाते हुए पर्यटकों ने दिसंबर आखिर तक की बुकिंग कर ली है।

भारी संख्या में पहुंचेंगे पर्यटक

पार्क खुलते ही पहले दिन प्रदेश के सभी टाइगर रिजर्व में भारी संख्या में पर्यटक पहुंचेंगे। अभी तक की बुकिंग के अनुसार बांधवगढ़ में 850, पन्ना 530, पेंच 560, कान्हा 1100, संजय धुबरी 220 पर्यटकों के पहुंचने की संभावना है। मध्य प्रदेश के सभी टाइगर रिजर्व में पर्यटक वाहनों की अलग-अलग धारण क्षमता है। धरण क्षमता के अनुसार सभी टाइगर रिजर्व में पर्यटक वाहनों को प्रवेश दिया जाता है।


बाघों की संख्या करती है आकर्षित

मध्यप्रदेश में बाघों की ज्यादा संख्या पर्यटकों को अपनी तरफ आकर्षित करती है। पिछली गणना के परिणामों के अनुसार मध्यप्रदेश में बाघों की संख्या 785 है। जबकि बांधवगढ़ में मध्यप्रदेश के सबसे ज्यादा 165 बाघ हैं। इसके अलावा कानह में 129, सतपुड़ा में 62, पेंच में 123, पन्ना 64, संजय धुबरी में 20, नोरादेही में 19, रातापानी में 90, माधव में 6 बाघ हैं। आसान सायटिंग के कारण पर्यटक इन सभी टाइगर रिजर्व में जाना पसन्द करते हैं।

कहां कितने वाहन?

कान्हा टाइगर रिजर्व में 178 वाहनों को प्रतिदिन प्रवेश दिया जाता है। इसमें सुबह की पारी में 100 वाहन और शाम की पारी में 78 वाहनों को प्रवेश मिलता है। इसी प्रकार बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व 147 वाहन प्रतिदिन प्रवेश करते हैं। सुबह की पारी में 100 वाहन और शाम की पारी में 78 वाहन शामिल हैं। पेंच टाइगर रिजर्व 159 वाहन की क्षमता है जिसमें सुबह की पारी में 80 वाहन और शाम की पारी में 79 वाहन प्रवेश करते हैं।

पन्ना टाइगर रिजर्व 105 वाहन, सुबह की पारी में 60 वाहन और शाम की पारी में 45 वाहन। सतपुड़ा टाइगर रिजर्व मढ़ाई ज़ोन (मुख्य कोर) के संवेदनशील कोर क्षेत्र में प्रति दिन केवल 30 वाहनों को प्रवेश दिया जाता है। संजय धुबरी टाइगर रिजर्व 40 वाहन हैं जिसमें सुबह की पारी में 23 वाहन और शाम की पारी में 17 वाहनों को पार्क में प्रवेश दिया जाता है।

टूटेगा सन्नाटा

मध्यप्रदेश के टाइगर रिजर्व को पर्यटकों के लिए एक जुलाई से बंद कर दिया गया था। अब एक अक्टूबर से पार्क का सन्नाटा टूटेगा और पर्यटकों से पार्क गुलजार हो जाएंगे। पार्क बंद होने के कारण टाइगर रिजर्व के आसपास रहने वालों के कारोबार भी ठंडे पड़ गए थे। सिर्फ बफर में सफर करने वाले पर्यटकों के भरोसे ग्रामीण थे। ग्रामीणों को भी उम्मीद है कि इस बार पहले से बेहतर पर्यटन होगा।

यह भी पढ़ें- बिजली पर सवाल पूछने पर भड़के कटंगी विधायक, कहा- जाकर कहीं और बोलो, मुझसे जरूरी बातें करो

बीएस फोर वाहनों का पंजीयन

मध्यप्रदेश के सभी टाइगर रिजर्व में इस बार बीएस टू और थ्री वाहनों को बाहर किया जा रहा है। उनकी जगह बीएस फोर माडल के वाहनों का पंजीयन किया जा रहा है। बांधवगढ़ में अभी तक 124 वाहनों का पंजीयन किया जा चुका है। प्रदेश के सभी टाइगर रिजर्व में वाहनों का पंजीयन, गाइडों का प्रशिक्षण सहित सभी तैयारियां की जा रही हैं।

कान्हा टाइगर रिजर्व 178 वाहन प्रतिदिन

सुबह की पारी में 100 वाहन और शाम की पारी में 78 वाहन

  • कान्हा ज़ोन: सुबह 36 वाहन, शाम 23 वाहन (कुल 59)
  • मुक्की ज़ोन: सुबह 30 वाहन, शाम 28 वाहन (कुल 58)
  • सरही ज़ोन: सुबह 19 वाहन, शाम 17 वाहन (कुल 36)
  • किसली ज़ोन: सुबह 15 वाहन, शाम 10 वाहन (कुल 25)

बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व 147 वाहन प्रतिदिन

सुबह की पारी में 74 वाहन और शाम की पारी में 73 वाहन

  • ताला ज़ोन : सुबह 25 वाहन, शाम 25 वाहन (कुल 40)
  • मगधी ज़ोन : सुबह 25 वाहन, शाम 25 वाहन (कुल 51)
  • खितौली ज़ोन : सुबह 24 वाहन, शाम 23 वाहन (कुल 41)

पेंच टाइगर रिजर्व 159 वाहन

सुबह की पारी में 80 वाहन और शाम की पारी में 79 वाहन

  • टुरिया ज़ोन (मुख्य गेट): सुबह 37 वाहन, शाम 37 वाहन (कुल 74)
  • कर्माझिरी ज़ोन: सुबह 8 वाहन, शाम 8 वाहन (कुल 16)
  • जामतरा ज़ोन: सुबह 5 वाहन, शाम 4 वाहन (कुल 9)
  • तेलिया ज़ोन (बफर/विशेष): सुबह 15 वाहन, शाम 15 वाहन (कुल 30)
  • रूखड़ ज़ोन: सुबह 15 वाहन, शाम 15 वाहन (कुल 30)

पन्ना टाइगर रिजर्व 105 वाहन

सुबह की पारी में 60 वाहन और शाम की पारी में 45 वाहन

  • मडला ज़ोन: सुबह 35 वाहन, शाम 25 वाहन (कुल 60)
  • हिनौता ज़ोन: सुबह 15 वाहन, शाम 10 वाहन (कुल 25)
  • हरसा ज़ोन: सुबह 10 वाहन, शाम 10 वाहन (कुल 20)

सतपुड़ा टाइगर रिजर्व

  • मढ़ाई ज़ोन (मुख्य कोर): इस संवेदनशील कोर क्षेत्र में प्रति दिन केवल 30 वाहनों को प्रवेश दिया जाता है (जिसमें सुबह और दोपहर दोनों शिफ्ट शामिल हैं)।
  • चूरना ज़ोन: यहां पर्यटक अपने स्वयं के प्रदूषण मुक्त 4-व्हील ड्राइव वाहनों को भी नियमों के तहत ले जा सकते हैं।
  • पारसापानी और जमनीदेव: इन दोनों क्षेत्रों में सुबह और शाम मिलाकर प्रतिदिन 28-28 वाहनों की सीमा तय है।

संजय धुबरी टाइगर रिजर्व 40 वाहन

सुबह की पारी में 23 वाहन और शाम की पारी में 17 वाहन

  • धुबरी ज़ोन: सुबह 15 वाहन, शाम 10 वाहन (कुल 25)
  • गिद्धा ज़ोन: सुबह 8 वाहन, शाम 7 वाहन (कुल 15)

मध्यप्रदेश के टाइगर रिजर्व में पर्यटकों का अच्छा रूझान रहता है। यह खुशी की बात है कि इस बार भी पर्यटक बड़ी संख्या में पंजीयन करा रहे हैं। हमारा प्रयास है कि हम पर्यटकों के अनुभव को बेहतर बनाएं।- डॉ. समिता राजौरा, पीसीएफ मध्य प्रदेश