विदिशा में प्रिंसिपल ने बच्ची को उठाकर फेंका, धामनोद स्कूल की घटना का वीडियो वायरल
विदिशा के धामनोद स्कूल के संकुल प्राचार्य कमल सिंह मीणा का एक वीडियो इंटरनेट मीडिया पर वायरल हुआ है, जिसमें वे बच्ची को उठाकर फेंकते दिखाई दे रहे हैं। स्कूटी-लैपटॉप योजना का लाभ दिलाने के बदले रिश्वत मांगने का आरोप
By Ajay JainEdited By: bhupendra Singh Rajput Publish Date: Wed, 04 Nov 2026 12:26:17 PM (IST)Updated Date: Wed, 04 Nov 2026 12:26:17 PM (IST)
प्राचार्य कमल सिंह मीणा वीडियो में बच्ची को उठाकर फेंकते दिखाई दे रहे हैं। वीडियोग्रेबHighLights
- स्कूल परिसर में तीन साल की बच्ची को फेंकने का वीडियो वायरल
- स्कूटी-लैपटॉप योजना का लाभ दिलाने के बदले रिश्वत मांगने का आरोप
- वीडियो डिलीट करने का दबाव और धमकी देने का दावा
नईदुनिया प्रतिनिधि, विदिशा। जिले की ग्यारसपुर तहसील के अंतर्गत आने वाले धामनोद स्थित शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय के संकुल प्राचार्य पर एक मासूम बच्ची के साथ मारपीट और युवक को हत्या के झूठे मामले में फंसाने की धमकी देने के आरोप लगे हैं।
इंटरनेट मीडिया पर घटना का वीडियो वायरल होने के बाद जिला शिक्षा अधिकारी एनके अहिरवार ने जांच के लिए टीम गठित करने की बात कही है। यह वीडियो करीब एक महीने पुराना बताया गया है। वीडियो में प्राचार्य स्कूल परिसर में खेल रही बच्ची को उठाकर फेंकते दिखाई दे रहे हैं।
रिश्वत मांगने का आरोप
मामला ग्राम हैदरगढ़ अंतर्गत धामनोद स्कूल का है। यहां पदस्थ संकुल प्राचार्य कमल सिंह मीणा पर गांव के युवक खुमान सिंह ने गंभीर आरोप लगाए हैं। युवक का कहना है कि कक्षा 12वीं में प्रथम आने वाली छात्रा को सरकारी योजना के तहत स्कूटी और लैपटॉप मिलना था।
इसका लाभ जल्द दिलाने के बदले प्राचार्य द्वारा रिश्वत मांगे जाने का आरोप है। युवक ने कथित रूप से रिश्वत मांगने का वीडियो बना लिया था। इसी वीडियो को डिलीट करने के लिए प्राचार्य उस पर दबाव बना रहे थे।
वीडियो हटाने का बनाया दबाव
युवक के मुताबिक, वीडियो हटाने से मना करने पर प्राचार्य ने स्कूल परिसर में खेल रही खुद की 3 साल की बच्ची को उठाकर फेंक दिया। जिसे उन्होंने झेल लिया।इसके बाद बच्ची को जान से मारने और उन्हें हत्या के झूठे मामले में फंसाने की धमकी भी दी।
खुमान का कहना है कि उन्होंने डर कर रिश्वत मांगने वाला वीडियो डिलीट कर दिया। इस वीडियो की जानकारी भी उन्होंने अब मीडिया को दी। इस घटना का वीडियो मामला आने के बाद जिला शिक्षाधिकारी एनके अहिरवार ने जांच के निर्देश दिए हैं। उन्होंने टीम गठित कर पूरे मामले की जांच कराने की बात कही है।