पुलिस ने घेराबंदी कर पांच आतंकवादियों को पकड़ा, वीडियो हुआ वायरल, बाद में पता चला पुलिस की थी मॉकड्रिल

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विदिशा। ऑपरेशन के बाद ब्रीफिंग करते हुए एसपी विनायक वर्मा।

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विदिशा। निर्माणाधीन बिल्डिंग से आतंकवादी बने लोगों को पकड़ते पुलिसकर्मी।

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विदिशा। गिरफ्तारी के बाद आतंकवादियों को पेश करते पुलिसकर्मी।

विदिशा। शुक्रवार की शाम को 5.18 बजे एसपी विनायक वर्मा का वायरलेस पर मैसेज जारी हुआ कि नए कलेक्ट्रेट परिसर में स्थित निर्माणाधीन भवन में कुछ संदेही छिपे हैं और उन्होंने मजदूरों को बंधक बना लिया है। यह मैसेज जारी होते ही शहर के पुलिसथानों में हड़कंप मच गया। तत्काल कोतवाली टीआई जयपाल इनवाती और आरआई अरविंद सिकरवार के नेतृत्व में सशक्त पुलिस बल मौके पर पहुंच गया। और उन्होंने अपनी पोजीशन ले ली। करीब 30 मिनट की कार्यवाही में पुलिस के जवानों ने बिल्डिंग में घुसकर पांच आतंकवादियों को गिरफ्तार कर लिया। इस कार्यवाही का कुछ देर बाद ही वीडियो वायरल हो गया। सोशल साइटों पर वीडियो वायरल होते ही सनसनी फैल गई। लेकिन कुछ देर बाद एसपी विनायक वर्मा ने इस पूरी प्रक्रिया को मॉकड्रिल बताया। तब जाकर शहर में सनसनी का माहौल समाप्त हुआ।

एसपी विनायक वर्मा ने आपात स्थिति में घुसपैठियों से निपटने में पुलिस की क्षमता के आंकलन के लिए अचानक इस मॉक ड्रिल को अंजाम दिया था। जिसकी खबर उनके अलावा सिर्फ एक दो अधिकारियों को ही थी। कलेक्ट्रेट के बगल में बिल्डिंग होने के कारण कुछ लोग वीडियो बनाने लगे और उन्होंने इसे सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया। इसके अलावा कुछ लोकल पोर्टल पर भी आतंकवादी गिरफ्तार होने की खबरें चलने लगी। बाद में एसपी वर्मा ने इसे मॉकड्रिल बताते हुए फैलती सनसनी को रोक दिया। लेकिन पुलिस की कार्यवाही इतनी अचानक हुई थी कि पुलिस जवान भी सख्ते में आ गए थे। एसपी के मैसेज के बाद 18 मिनट में कोतवाली टीआई इनवाती और पुलिस लाइन से आरआई सिकरवार पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंच गए थे। इसी के साथ आसपास के सभी थानों में नाकाबंदी हो गई थी। वहीं राजपत्रित अधिकारियों और जिला अस्पताल को सूचना दे दी गई थी। कुछ ही देर में एफएसएएल टीम के अलावा स्पेशल डॉग भी पहुंच गया था। इसके बाद पूरी पुलिस टीम ने घेराबंदी कर निर्माणाधीन भवन में घुसना शुरू कर दिया था। पहले स्टनग्रेनेड और फिर फ्लेश ग्रेनेड का उपयोग कर पांचों बदमाशों को 4 मिनट की कार्यवाही में गिरफ्तार कर लिया। इस पूरे आपरेशन में 23 मिनट का समय लगा। जिस पर डीब्रीफिंग करते हुए एसपी वर्मा ने संतोष व्यक्त किया। उनका कहना था कि इस मॉकड्रिल का उद्देश्य कम समय में आपात स्थिति में कार्यवाही को परखना था।

Posted By: Nai Dunia News Network

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