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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 08, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

बच्चे को सर्दी-हल्का बुखार तो स्कूल ना भेजें, लंबे समय तक खाली पेट न रहें

मध्‍य प्रदेश के जबलपुर में नईदुनिया के हेलो डाक्टर कार्यक्रम में डा. रविंद कुमार विश्नोई ने पाठकों के स्वास्थ्य संबंधी प्रश्नों पर दिया परामर्श, वर्तम...और पढ़ें

By Deepankar RoyEdited By: Dheeraj kumar Bajpai
Publish Date: Thu, 08 Aug 2024 07:53:20 AM (IST)Updated Date: Thu, 08 Aug 2024 07:53:20 AM (IST)
बच्चे को सर्दी-हल्का बुखार तो स्कूल ना भेजें, लंबे समय तक खाली पेट न रहें
जांच कराएं, जिससे डेंगू, चिकनगुनिया, स्वाइन फ्लू जैसे लक्षण हो समय रहते पता चल सकें।

HighLights

  1. नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र में जाकर जांच करना चाहिए।
  2. संक्रमण फैलने से कक्षा के बाकी बच्चे बीमार होंगे।
  3. हल्का-फुल्का बुखार पैरासिटामोल से ठीक हाेता है।

सर्दी-खांसी, वायरल बुखार, डेंगू, डायरिया, एलर्जी के साथ ही स्वाइन फ्लू के रोगी हैं, सर्दी-खांसी है उन्हें मास्क पहनना चाहिए। यदि बच्चे को सर्दी, हल्का बुखार भी है तो स्कूल ना भेजें। संक्रमण फैलने से कक्षा के बाकी बच्चे बीमार हो जाएंगे।

यह परामर्श नेताजी सुभाषचंद्र बोस मेडिकल के डा. रविंद्र कुमार विश्नाई ने बुधवार को नई दुनिया के हेलो डाक्टर कार्यक्रम के दौरान दिया। उन्होंने पाठकों के स्वास्थ्य संबंधी प्रत्येक प्रश्नों का उचित उत्तर एवं उनकी जिज्ञासाओं का समाधान किया। पैरासिटामोल टेबलेट दो दिन तक खाने में बुखार ठीक ना हो तो तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र में जाकर जांच करना चाहिए। ताकि डेंगू, चिकनगुनिया, स्वाइन फ्लू जैसे लक्षण हो समय रहते पता चल सकें।


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नईदुनिया के हेलो डाक्टर कार्यक्रम में पाठकों को स्वास्थ्य संबंधी परामर्श दते डा. रविंद कुमार विश्नोई।

प्रश्न: घर पर यदि किसी को बुखार हुआ तो उसे अलग रहना चाहिए क्या? - नीरज सिंह, अधारताल

उत्तर: बुखार अलग-अलग प्रकार के होते है। हल्का-फुल्का बुखार है तो पैरासिटामोल की खुराक से ठीक हाे जाता है। यदि संक्रमित व्यक्ति मास्क लगाएं और हाथ सेनेटाइज करते रहे तो संक्रमण तेजी से फैल नहीं पाता है। डेंगू, चिकिनगुनिया होने पर मच्छर से बचाव करें।

प्रश्न : बच्चे को उल्टी-दस्त हो रहा है, इसका बचाव क्या है? - प्रवीण कुमार, कटनी

उत्तर : दूषित जल और भोजन बच्चों के स्वास्थ्य को नुकसान पहुंचाते है। उन्हें बाहर का खाना ना खिलाएं। पानी उबालकर एवं छानकर दें। डिहाइड्रेशन के लक्षण पर तुरंत ओआरएस का घोल दें। पेट में चिमटी लेकर देंखें, यदि त्वचा पर दो सेकेंड से अधिक गड्ढा जैसा रहता है या फिर आंख धंसी सी लगती है, मुंह जल्दी सूख रहा है तो यह गंभीर है, तुरंत चिकित्सक के पास ले जाएं।

प्रश्न : कभी-कभी पेट व सीने में दर्द होता है। रात में उल्टी जैसी लगती है। दो-तीन माह से समस्या है? - निभा बाजपेई, मंडला

उत्तर : रात में खाने और सोने के बीच तीन से चार घंटे का अंतराल रखें। पैंटोप्रोजोल 40 एमजी गोली सुबह खाली पेट सात दिन तक खाएं। आराम ना मिलें तो चिकित्सक से मिलें, बीपी और ईसीजी कराएं।

प्रश्न : बुखार के साथ घुटने, हाथ-पैर में दर्द है। दर्दनिवारक दवा ले सकते है क्या? - अवधेश शुक्ला, महाराजपुर

उत्तर : सामान्य बुखार पैरासिटामोल की खुराक से दो से तीन दिन में ठीक हो जाता है। डेंगू होने पर मांसपेशियों में दर्द से राहत के लिए एस्प्रिन, इको इस्प्रिन जैसी दवा का सेवन ना करें। यह गंभीर समस्या उत्पन्न कर सकता है।

प्रश्न : मेरे बेटा बीमार है। दवा देने पर बुखार उतर जाता है। कुछ देर बाद 101 डिग्री पर पहुंच जाता है। - रेखा पटेल, बिलहरी

उत्तर : आठ-आठ घंटे के अंतराल में पैरासिटामोल की तीन खुराक देना चाहिए। यदि तीन-चार दिन हो गए तो रक्त परीक्षण कराएं। बुखार के साथ स्वाद खराब होने से बच्चे खाना छोड़ देते है। उन्हें पौष्टिक भोजन देें। चिकित्सक से मिलकर परामर्श करें।

प्रश्न : शाम को सिर भारी लगता है। रात में भूख नहीं लगती है। गले में जलन होती है। - रविंद्र ठाकुर, घमापुर

उत्तर : लंबे समय तक खाली पेट रहने से जलन की समस्या हो सकती है। एसीलाक टेबलेट तीन-चार दिन खाकर देखें। तंबाकू, बीड़ी, सिगरेट का सेवन और रात तक देर से जागना भी परेशानी का कारण हो सकता है। खान-पान एवं दिनचर्या व्यवस्थित करें। सिरदर्द के समय रक्तचाप देखें। यदि बीपी बढ़ रहा है तो फिजिशयन से मिलकर परामर्श करें।