भ्रष्टाचार पर नकेल - हेल्पलाइन से हथकड़ी तक: बदला पंजाब का माहौल
वर्ष 2025 में विजिलेंस ब्यूरो की सक्रियता से यह साफ हुआ कि सरकार सिर्फ बड़े अधिकारियों तक सीमित नहीं है, बल्कि पटवारी, क्लर्क, पुलिसकर्मी और स्थानीय अ ...और पढ़ें
Publish Date: Sat, 10 Jan 2026 04:48:52 PM (IST)Updated Date: Sat, 10 Jan 2026 04:54:37 PM (IST)
पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान।पंजाब में भ्रष्टाचार लंबे समय से आम आदमी की सबसे बड़ी परेशानी रहा है। लेकिन भगवंत मान सरकार की “ज़ीरो टॉलरेंस” नीति के चलते 2025 में आम नागरिकों को पहली बार यह भरोसा मिला कि शिकायत करने पर कार्रवाई भी होती है।
मुख्यमंत्री भ्रष्टाचार विरोधी हेल्पलाइन और ऑनलाइन शिकायत पोर्टल आम लोगों के लिए एक मजबूत हथियार बनकर उभरे। रिश्वत मांगने वाले कर्मचारियों के खिलाफ दर्ज शिकायतों पर विजिलेंस ब्यूरो ने त्वरित जांच की। कई मामलों में एफआईआर दर्ज हुई और आरोपियों को रंगे हाथ गिरफ्तार किया गया।
वर्ष 2025 में विजिलेंस ब्यूरो की सक्रियता से यह साफ हुआ कि सरकार सिर्फ बड़े अधिकारियों तक सीमित नहीं है, बल्कि पटवारी, क्लर्क, पुलिसकर्मी और स्थानीय अधिकारियों पर भी समान कार्रवाई हो रही है। इससे आम जनता में यह संदेश गया कि कानून सबके लिए बराबर है।
ई-गवर्नेंस को बढ़ावा देकर सेवाओं को ऑनलाइन करने से लोगों को दफ्तरों के चक्कर कम लगाने पड़े। जन्म प्रमाणपत्र, जाति प्रमाणपत्र, लाइसेंस और अन्य सेवाओं में पारदर्शिता बढ़ी, जिससे रिश्वत की गुंजाइश कम हुई।
ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में यह बदलाव महसूस किया गया। लोगों का कहना है कि अब “काम के बदले पैसा” देने की मजबूरी पहले जैसी नहीं रही। 2025 की कार्रवाइयों ने सरकार और जनता के बीच भरोसे की खाई को पाटने का काम किया।