• Jagran.com
  • Jagran Josh
  • Her Zindagi
  • Onlymyhealth
  • Jagran TV
  • Vishvas News
  • Inextlive
  • मेरी खबरें
मेरी खबरें
  • होम
  • ताजा खबरें
  • मध्यप्रदेश
  • छत्तीसगढ़
  • उत्तर प्रदेश
  • देश
  • धर्म
  • मनोरंजन
  • राशिफल
  • लाइफस्टाइल
  • अन्य
    • बिज़नेस
    • बड़ी खबरें
    • खेल
    • विदेश
    • करियर
    • टॉपिक्स
    • टेक्नोलॉजी
    • शिक्षा
  • राज्य चुनें
  • ई-पेपर
  • राशिफल
  • राज्य चुनें
  • ई-पेपर
  • फटाफट
  • राशिफल
  • वेब स्टोरीज
नईदुनिया ट्रेंडिंग
  • बढ़ता यूपी
  • AI बूटकैंप
  • समृद्ध उत्तराखंड
  • गणेशोत्‍सव 2026
  • हनुमान अंश
  • Mutual Funds मास्टरी
  • मध्‍य प्रदेश की खबरें
  • राशि परिवर्तन
  • मानसून
  • स्वच्छ जल
  • होम
  • देश

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 03, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

केंद्र सरकार का बड़ा फैसला: पाकिस्तान- अफगानिस्तान सहित इन देशों से आए अल्पसंख्यकों को मिली राहत

गृह मंत्रालय ने पाकिस्तान, अफगानिस्तान और बांग्लादेश से 31 दिसंबर 2024 से पहले भारत आए हिंदू, ईसाई, सिख, बौद्ध, जैन और पारसी अल्पसंख्यकों को राहत दी ह...और पढ़ें

By Digital DeskEdited By: Akash Sharma
Publish Date: Wed, 03 Sep 2025 01:59:12 PM (IST)Updated Date: Wed, 03 Sep 2025 02:29:02 PM (IST)
केंद्र सरकार का बड़ा फैसला: पाकिस्तान- अफगानिस्तान सहित इन देशों से आए अल्पसंख्यकों को मिली राहत
अल्पसंख्यकों को बिना पासपोर्ट रहने की मंजूरी (फाइल फोटो)

HighLights

  1. गृह मंत्रालय ने जारी किया नया आदेश
  2. नेपाल-भूटान-तिब्बत के नागरिकों को राहत
  3. पासपोर्ट नियम उल्लंघन पर कड़ी कार्रवाई

एजेंसी, नई दिल्ली: केंद्र सरकार ने एक बड़ा फैसला लेते हुए पाकिस्तान, अफगानिस्तान और बांग्लादेश से भारत आए अल्पसंख्यकों को पासपोर्ट नियमों में राहत दी है। गृह मंत्रालय ने सोमवार को आदेश जारी कर कहा कि 31 दिसंबर 2024 से पहले भारत आने वाले हिंदू, ईसाई, सिख, बौद्ध, जैन और पारसी समुदाय के लोग बिना पासपोर्ट भी भारत में रह सकेंगे।

गृह मंत्रालय ने रखी ये शर्त

गृह मंत्रालय के नए आदेश के अनुसार, पाकिस्तान, अफगानिस्तान और बाग्लादेश से आए अल्पसंख्यकों जिनमें हिंदू, ईसाई, सिक्ख, जैन, बौद्ध पारसी और जैन समुदाय लोग भारत में बिना पासपोर्ट के रह सकते हैं। लेकिन इस आदेश के साथ एक शर्त भी लगाई गई है। शर्त के अनुसार, 6 समुदाय के लोग अगर भारत में 21 दिसंबर 2024 से पहले से रह रहे हैं तो वो बिना पासपोर्ट के भी यहां रह सकते हैं।


गृह मंत्रालय के इस आदेश का लाभ उन लोगों को मिलेगा, जो तीनों देशों से धार्मिक उत्पीड़न या अन्य कारणों से भारत आकर बस गए थे। अब उन्हें पासपोर्ट न होने पर भी भारत से बाहर नहीं किया जाएगा।

नेपाल, भूटान और तिब्बत के नागरिकों को भी छूट

इसके अलावा, नेपाल, भूटान और तिब्बत से 1959 से 30 मई 2003 तक भारत आए नागरिकों को भी छूट दी गई है। इन लोगों को विदेशी रजिस्ट्रेशन ऑफिसर के पास अपना नाम दर्ज करवाना होगा। पंजीकरण के बाद वे भी बिना पासपोर्ट भारत में रह सकते हैं। हालांकि चीन, मकाउ, हांगकांग और पाकिस्तान से होकर आने वाले नेपाली और भूटानी नागरिकों पर यह नियम लागू नहीं होगा।

इससे पहले, सरकार ने अप्रैल 2025 में पासपोर्ट नियमों में संशोधन करते हुए यह प्रावधान किया था कि बिना पासपोर्ट भारत आने वाले विदेशियों को पांच साल तक की जेल या पांच लाख रुपये तक का जुर्माना या दोनों हो सकते हैं। लेकिन अब गृह मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि निर्दिष्ट समुदायों को इसमें राहत दी जाएगी।

पासपोर्ट नियमों का पालन करना जरूरी

फिर भी मंत्रालय ने साफ किया है कि पासपोर्ट नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई होगी। बिना पासपोर्ट भारत आने वाले विदेशी नागरिकों को पांच लाख रुपये तक का जुर्माना भरना पड़ सकता है।

केंद्र सरकार के इस कदम से पाकिस्तान, अफगानिस्तान और बांग्लादेश से आए अल्पसंख्यक समुदायों को बड़ी राहत मिली है। यह फैसला उन लोगों के लिए जीवन में स्थिरता और सुरक्षा लाएगा जो वर्षों से भारत में रह रहे हैं लेकिन पासपोर्ट न होने की वजह से कानूनी मुश्किलों का सामना कर रहे थे।

यह भी पढ़ें- GST Council 56th Meeting: टूथपेस्ट-शैंपू से लेकर कार-बाइक तक हो जाएंगे सस्ते! Tax स्लैब में भी बड़े बदलाव संभव