
डिजिटल डेस्क। देश की राजधानी नई दिल्ली स्थित जंतर-मंतर पर मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार के विरोध में आयोजित विपक्षी दलों और विभिन्न छात्र संगठनों का प्रदर्शन। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए दिल्ली पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आम आदमी पार्टी (AAP) के वरिष्ठ नेताओं आतिशी, संजय सिंह और सौरभ भारद्वाज सहित कई प्रमुख प्रतिनिधियों को हिरासत में ले लिया।
सुरक्षा के चलते पुलिस ने जंतर-मंतर और आसपास के इलाकों में भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) की धारा 163 लागू कर दी है। विरोध-प्रदर्शन के चलते दिल्ली मेट्रो के 12 व्यस्त स्टेशनों को अस्थायी रूप से बंद करना पड़ा है, जबकि इलाके में 12 घंटे के लिए मोबाइल इंटरनेट सेवाएं भी निलंबित कर दी गई हैं।
जंतर-मंतर पर एकत्र हुए विपक्षी राजनीतिक दलों, आईसा (AISA), एसएफआई (SFI), एनएसयूआई (NSUI) तथा अन्य छात्र संगठनों का आरोप है कि एसआईआर (SIR) प्रक्रिया में गंभीर अनियमितताएं हुई हैं और बड़े पैमाने पर पात्र मतदाताओं के नाम मतदाता सूची से हटाए गए हैं। प्रदर्शनकारी मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के तत्काल इस्तीफे की मांग कर रहे हैं।
विरोध-प्रदर्शन के दौरान करीब 500 से अधिक नेताओं व कार्यकर्ताओं को पुलिस द्वारा पकड़ा गया है। दिल्ली पुलिस ने अशोका रोड गोलचक्कर के पास जंतर-मंतर की ओर बढ़ रहे सैकड़ों एसएफआई कार्यकर्ताओं को रोककर हिरासत में लिया।
हिरासत में लिए जाने के बाद आम आदमी पार्टी के नेता सौरभ भारद्वाज ने सोशल मीडिया पर वीडियो संदेश जारी कर कहा कि वे और संजीव झा शांतिपूर्ण ढंग से अपनी लोकतांत्रिक आवाज उठा रहे थे। उन्होंने सवाल उठाया कि जब जंतर-मंतर पहले से ही निर्धारित धरना स्थल है, तो वहां प्रदर्शन की अनुमति को लेकर सवाल क्यों उठाए जा रहे हैं, जबकि पार्टी ने एक सप्ताह पूर्व ही इसके लिए आवेदन दे दिया था।
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वहीं एसएफआई की महासचिव आइशी घोष ने भी पुलिसिया कार्रवाई की तीखी आलोचना की। उन्होंने कहा कि पुलिस अपराध रोकने में असफल है, लेकिन अधिकारियों के बचाव के लिए सड़कों पर उतर आई है। उन्होंने स्पष्ट किया कि कार्यकर्ताओं को हिरासत में लेकर आंदोलन को दबाया नहीं जा सकता।
प्रदर्शन और भारी भीड़ को देखते हुए दिल्ली मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (DMRC) ने सुरक्षा एजेंसियों के निर्देश पर राजीव चौक, केंद्रीय सचिवालय और पटेल चौक सहित जंतर-मंतर के आसपास स्थित 12 प्रमुख स्टेशनों पर यात्रियों की आवाजाही (एंट्री और एग्जिट) पूरी तरह बंद कर दी।
इसके साथ ही जंतर-मंतर के संवेदनशील क्षेत्र में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के उद्देश्य से 12 घंटे के लिए इंटरनेट सेवाओं को पूरी तरह बंद कर दिया गया है। पुलिस प्रशासन ने लोगों से निकटतम खुले स्टेशनों से पैदल ही आवागमन करने या क्षेत्र से दूर रहने की अपील की है।