धनतेरस पर सोना-चांदी खरीदना बजट से बाहर? लेकिन भूलकर भी न खरीदें ये चीजें, नाराज होंगे मां लक्ष्मी और कुबेर देव
धनतेरस के पावन अवसर पर यदि सोने-चांदी की बढ़ती कीमतों के कारण खरीदारी करना संभव न हो, तो भी शास्त्रों के अनुसार कुछ बजट-फ्रेंडली वस्तुओं को खरीदकर मां...और पढ़ें
Publish Date: Thu, 22 Oct 2026 02:06:41 PM (IST)Updated Date: Thu, 22 Oct 2026 02:06:41 PM (IST)
सोना-चांदी महंगा होने पर भी धनतेरस को बनाएं फलदायीHighLights
- सोना-चांदी महंगा होने पर भी धनतेरस को बनाएं फलदायी
- मात्र 50 से 100 रुपए की चीजों से प्रसन्न होंगी मां लक्ष्मी
- तांबे-पीतल के बर्तन, नया झाड़ू, साबुत और सेंधा नमक शुभ
धर्म डेस्क। आश्विन मास के कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी तिथि को मनाया जाने वाला 'धनतेरस' का पर्व सुख, समृद्धि और आरोग्य का प्रतीक माना जाता है। इस पावन अवसर से ही पांच दिवसीय दीपोत्सव महापर्व की शुरुआत होती है।
परंपरागत रूप से धनतेरस पर सोना और चांदी खरीदना अत्यंत शुभ माना जाता है, लेकिन वर्तमान में सोने-चांदी की आसमान छूती कीमतों के कारण यह हर आम व्यक्ति के बजट में संभव नहीं हो पाता। शास्त्रों और सनातन मान्यताओं के अनुसार, धनतेरस पर केवल सोना-चांदी ही नहीं, बल्कि मात्र 20 से 100 रुपए में मिलने वाली कुछ सस्ती और विशेष वस्तुओं की खरीदारी करके भी मां लक्ष्मी और भगवान धन्वंतरि-कुबेर देव का पूर्ण आशीर्वाद प्राप्त किया जा सकता है।
आइए जानते हैं धनतेरस पर खरीदी जाने वाली अत्यंत शुभ वस्तुओं, उनके उपायों और किन चीजों से बचना चाहिए-
सोना-चांदी के विकल्प: धनतेरस पर खरीदें ये शुभ वस्तुएं
- तांबे, पीतल और स्टील के बर्तन: धनतेरस के दिन तांबे और पीतल के बर्तन खरीदना शुद्धता, आरोग्य और समृद्धि का प्रतीक माना जाता है। अपनी क्षमता के अनुसार पीतल या तांबे का कलश, पूजा का पात्र या रसोई का नया बर्तन खरीदना अत्यंत फलदायी है।
लक्ष्मी-गणेश की मूर्तियां: धनतेरस पर दीपावली पूजन के लिए मिट्टी या धातु से बनी मां लक्ष्मी और भगवान श्री गणेश की नई मूर्तियां खरीदना सबसे उत्तम माना जाता है। यह कम बजट में घर में सुख-समृद्धि और बुद्धि लाने का सबसे सरल माध्यम है। मात्र 50 से 100 में मिलने वाली ये 3 चीजें लाती हैं अपार समृद्धि
- झाड़ू (मां लक्ष्मी का प्रतीक)- धनतेरस के दिन नया झाड़ू खरीदना बेहद शुभ होता है। झाड़ू को घर से दरिद्रता और नकारात्मक ऊर्जा को दूर करने वाली शक्ति तथा मां लक्ष्मी का स्वरूप माना जाता है। इस दिन घर का पुराना झाड़ू बदलकर नया झाड़ू लाना एक पारंपरिक और अनिवार्य विधान है।
साबुत खड़ा धनिया- धनतेरस पर साबुत धनिया खरीदने का महत्व सोने-चांदी के समान ही फलदायी माना गया है। धनिया खरीदने से घर में कभी धन-धान्य की कमी नहीं होती। इस साबुत धनिए को दीपावली की रात मां लक्ष्मी और कुबेर देव के पूजन में अर्पित करें और पूजन के बाद इसके कुछ दाने घर की तिजोरी में रखें और कुछ गमले में बो दें।
सेंधा नमक (नकारात्मक ऊर्जा दूर करने का अचूक उपाय)- धनतेरस के दिन सेंधा नमक खरीदना बहुत शुभ होता है। धनतेरस पर पिसा हुआ सेंधा नमक खरीदकर लाएं और उसे एक लाल कपड़े में बांधकर घर के मुख्य द्वार पर पूर्व दिशा की ओर लटका दें। इस उपाय से घर में किसी भी प्रकार की नकारात्मक शक्ति प्रवेश नहीं कर पाती और सुख-समृद्धि का वास होता है। वाहन और इलेक्ट्रॉनिक्स की खरीदारी
धनतेरस का अबूझ मुहूर्त नए वाहन (कार, बाइक, स्कूटी) और इलेक्ट्रॉनिक सामान (टीवी, फ्रिज, वाशिंग मशीन, मोबाइल) खरीदने के लिए भी अत्यंत शुभ और लाभदायक माना जाता है।
धनतेरस पर भूलकर भी न खरीदें ये वस्तुएं (वर्जित सामान)
धनतेरस की खरीदारी करते समय कुछ वस्तुओं को खरीदने से बचना चाहिए, क्योंकि इन्हें घर में लाना अशुभ माना जाता है-
- काले रंग की वस्तुएं: काले रंग की किसी भी सामग्री या कपड़े को खरीदने से बचें।
- लोहा और एल्युमीनियम: इस दिन लोहे और एल्युमीनियम के बर्तन या सामान नहीं खरीदने चाहिए।
- कांच और प्लास्टिक की वस्तुएं: कांच (शीशा) और प्लास्टिक से बनी चीजें खरीदना भी वास्तु और शास्त्रों के अनुसार अनुकूल नहीं माना जाता।
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