• Jagran.com
  • Jagran Josh
  • Her Zindagi
  • Onlymyhealth
  • Jagran TV
  • Vishvas News
  • Inextlive
  • मेरी खबरें
मेरी खबरें
  • होम
  • ताजा खबरें
  • मध्यप्रदेश
  • छत्तीसगढ़
  • उत्तर प्रदेश
  • देश
  • धर्म
  • मनोरंजन
  • राशिफल
  • लाइफस्टाइल
  • अन्य
    • बिज़नेस
    • बड़ी खबरें
    • खेल
    • विदेश
    • करियर
    • टॉपिक्स
    • टेक्नोलॉजी
    • शिक्षा
  • राज्य चुनें
  • ई-पेपर
  • राशिफल
  • राज्य चुनें
  • ई-पेपर
  • फटाफट
  • राशिफल
  • वेब स्टोरीज
नईदुनिया ट्रेंडिंग
  • बढ़ता यूपी
  • समृद्ध उत्तराखंड
  • गणेशोत्‍सव 2026
  • हनुमान अंश
  • मध्‍य प्रदेश की खबरें
  • राशि परिवर्तन
  • मानसून
  • वास्‍तु शास्‍त्र
  • स्वच्छ जल
  • होम
  • धर्म
  • व्रत-त्योहार

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 02, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Somvati Amavasya: 13 नवंबर को दीपावली के अगले दिन सोमवती अमावस्या का संयोग

13 नवंबर सोमवार को सुबह सूर्योदय के समय तक अमावस्या तिथि होने से साेमवती अमावस्या का संयोग बन रहा है।

By Navodit SaktawatEdited By: Navodit Saktawat
Publish Date: Thu, 02 Nov 2023 01:13:45 AM (IST)Updated Date: Thu, 02 Nov 2023 01:15:51 AM (IST)
Somvati Amavasya: 13 नवंबर को दीपावली के अगले दिन सोमवती अमावस्या का संयोग
कार्तिक कृष्ण अमावस्या पर सोमवती का संयोग विशेष माना जा रहा है।

HighLights

  1. कार्तिक मास में तीर्थ स्नान का विशेष महत्व है।में दीपदान करेंगे।
  2. इस दिन देशभर से श्रद्धालु शिप्रा व सोमकुंड में स्नान के लिए उज्जैन पहुंचेंगे।
  3. स्नान के उपरांत तीर्थ पर दान पुण्य तथा संध्या काल

उज्जैन (नईदुनिया प्रतिनिधि)। दीपावली के अगले दिन सालों बाद सोमवती अमावस्या का संयोग बन रहा है। इस दिन शिप्रा व सोमकुंड में पर्व स्नान होगा। मान्यता है सोमवती अमावस्या पर सोमतीर्थ स्थित सोमकुंड में स्नान तथा भगवान सोमेश्वर महादेव के दर्शन पूजन से मनुष्य को अवश्वमेध यज्ञ करने के समान पुण्य फल प्राप्त होता है।

इस बार तिथियों की घट बढ़ के कारण दीपावली चतुर्दशी के दिन प्रदोष काल में मनाई जाएगी। पंचांगीय गणना के अनुसार 12 नवंबर को रविवार के दिन सुबह चतुर्दशी तथा शाम को प्रदोषकाल में अमावस्या तिथि रहेगी। 13 नवंबर सोमवार को सुबह सूर्योदय के समय तक अमावस्या तिथि होने से साेमवती अमावस्या का संयोग बन रहा है।


कार्तिक मास में तीर्थ स्नान का विशेष महत्व है। ऐसे में कार्तिक कृष्ण अमावस्या पर सोमवती का संयोग विशेष माना जा रहा है। इस दिन देशभर से श्रद्धालु शिप्रा व सोमकुंड में स्नान के लिए उज्जैन पहुंचेंगे। स्नान के उपरांत तीर्थ पर दान पुण्य तथा संध्या काल में दीपदान करेंगे।

naidunia_image

सोमकुंड पर फव्वारों में होगा स्नान

सोमवती अमावस्या पर प्रशासन द्वारा सोमकुंड पर फव्वारे लगाए जाएंगे। श्रद्धालु फव्वारों में स्नान के उपरांत तीर्थ परिसर में स्थित श्री सोमेश्वर महादेव के दर्शन पूजन करेंगे। श्रद्धालुओं की सुरक्षा व पेयजल आदि के इंतजाम भी होंगे।