प्रधानमंत्री मोदी बोले, काशी बड़े स्पोर्ट्स इवेंट्स के लिए तैयार, राष्ट्रीय वॉलीबॉल चैंपियनशिप से बढ़ेगा खेलों का उत्साह
UP News: प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कहा है कि काशी अब बड़े खेल आयोजनों के लिए पूरी तरह तैयार हो रही है। रविवार को वाराणसी में आयोजित 72वें राष्ट्री ...और पढ़ें
Publish Date: Sun, 04 Jan 2026 02:35:53 PM (IST)Updated Date: Sun, 04 Jan 2026 02:35:53 PM (IST)
वाराणसी में 72वें राष्ट्रीय वॉलीबॉल टूर्नामेंट में पीएम मोदी वर्चुअल जुड़े।HighLights
- 72वें राष्ट्रीय वॉलीबॉल टूर्नामेंट में पीएम वर्चुअल जुड़े
- 2036 ओलंपिक की मेजबानी की तैयारी कर रहा भारत
- काशी को देश के स्पोर्टिंग मैप पर नई पहचान मिलेगी
डिजिटल डेस्क। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कहा है कि काशी अब बड़े खेल आयोजनों के लिए पूरी तरह तैयार हो रही है। रविवार को वाराणसी में आयोजित 72वें राष्ट्रीय वॉलीबॉल टूर्नामेंट में प्रधानमंत्री मोदी वर्चुअल माध्यम से शामिल हुए और खिलाड़ियों को संबोधित किया। उन्होंने सभी खिलाड़ियों का स्वागत करते हुए राष्ट्रीय वॉलीबॉल चैंपियनशिप के शुभारंभ पर शुभकामनाएं दीं।
प्रधानमंत्री ने कहा कि देश के 28 राज्यों की टीमों की भागीदारी से यह प्रतियोगिता 'एक भारत, श्रेष्ठ भारत' की भावना को साकार करती है। उन्होंने कहा कि कड़ी मेहनत के बाद खिलाड़ी इस राष्ट्रीय स्तर के टूर्नामेंट तक पहुंचे हैं और आने वाले दिनों में काशी के मैदान पर उनकी प्रतिभा देखने को मिलेगी।
बनारस की खेल परंपरा का किया जिक्र
पीएम मोदी ने बनारस की खेल परंपरा का जिक्र करते हुए कहा कि यह खेल प्रेमियों का शहर है, जहां कुश्ती, मुक्केबाजी, नौका दौड़ और कबड्डी जैसे खेलों की समृद्ध परंपरा रही है। बनारस हिंदू विश्वविद्यालय और काशी विद्यापीठ जैसे संस्थानों ने राज्य और राष्ट्रीय स्तर के कई खिलाड़ी देश को दिए हैं।
उन्होंने विश्वास जताया कि राष्ट्रीय वॉलीबॉल चैंपियनशिप के दौरान काशी का उत्साह चरम पर रहेगा और खिलाड़ियों को उत्साहवर्धक दर्शकों के साथ-साथ काशी की सांस्कृतिक परंपरा को करीब से अनुभव करने का अवसर मिलेगा।
वॉलीबॉल को संतुलन और सहयोग का खेल बताते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि यह टीम स्पिरिट और 'टीम फर्स्ट' की भावना सिखाता है। उन्होंने इसे देश की प्रगति से जोड़ते हुए कहा कि भारत सामूहिक चेतना और 'इंडिया फर्स्ट' की भावना के साथ आगे बढ़ रहा है।
सरकार की नीतियों में बदलाव का किया जिक्र
प्रधानमंत्री ने भारत की आर्थिक और खेलों में बढ़ती वैश्विक पहचान पर भी बात की। उन्होंने कहा कि पिछले कुछ वर्षों में भारतीय खिलाड़ियों का प्रदर्शन लगातार बेहतर हुआ है, जो देश के बढ़ते आत्मविश्वास को दर्शाता है। सरकार की नीतियों में बदलाव का जिक्र करते हुए उन्होंने बताया कि खेल बजट बढ़ाया गया है और एथलीट-केंद्रित मॉडल को अपनाया गया है।
2036 ओलंपिक की मेजबानी की तैयारी
पीएम मोदी ने कहा कि नेशनल स्पोर्ट्स गवर्नेंस एक्ट और खेलो भारत नीति 2025 जैसे सुधारों से प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को आगे बढ़ने का अवसर मिलेगा। उन्होंने बताया कि भारत में फीफा अंडर-17 विश्व कप, हॉकी विश्व कप जैसे बड़े आयोजन हो चुके हैं और देश 2030 कॉमनवेल्थ गेम्स व 2036 ओलंपिक की मेजबानी की तैयारी कर रहा है।
काशी को देश के स्पोर्टिंग मैप पर नई पहचान मिलेगी
खेलो इंडिया अभियान और सांसद खेल महोत्सव की सराहना करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि इन आयोजनों से लाखों युवाओं को अपनी प्रतिभा दिखाने का मंच मिला है। काशी में खेल सुविधाओं के विकास पर बोलते हुए उन्होंने कहा कि आधुनिक स्टेडियम और स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स बन रहे हैं, जिससे आसपास के जिलों के खिलाड़ियों को भी प्रशिक्षण का लाभ मिल रहा है।
उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय वॉलीबॉल चैंपियनशिप से काशी को देश के स्पोर्टिंग मैप पर नई पहचान मिलेगी और स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी। अंत में प्रधानमंत्री ने खिलाड़ियों से काशी की सांस्कृतिक विरासत, बाबा विश्वनाथ के दर्शन और गंगा घाटों का अनुभव लेने की अपील करते हुए टूर्नामेंट के लिए सभी को शुभकामनाएं दीं।