• Jagran.com
  • Jagran Josh
  • Her Zindagi
  • Onlymyhealth
  • Jagran TV
  • Vishvas News
  • Inextlive
मेरी खबरें
  • होम
  • ताजा खबरें
  • मध्यप्रदेश
  • छत्तीसगढ़
  • उत्तर प्रदेश
  • देश
  • धर्म
  • मनोरंजन
  • राशिफल
  • लाइफस्टाइल
  • अन्य
    • बिज़नेस
    • बड़ी खबरें
    • खेल
    • विदेश
    • करियर
    • टॉपिक्स
    • टेक्नोलॉजी
    • शिक्षा
  • राज्य चुनें
  • ई-पेपर
  • राशिफल
  • राज्य चुनें
  • ई-पेपर
  • फटाफट
  • राशिफल
  • वेब स्टोरीज
नईदुनिया ट्रेंडिंग
  • बढ़ता यूपी
  • समृद्ध उत्तराखंड
  • Mutual Funds मास्टरी
  • होम
  • छत्तीसगढ़
  • रायपुर

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Dec 12, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Chhattisgarh Panchayat Chunav: निकाय और पंचायत चुनावों में नए चेहरों को मौका दे सकती है भाजपा

पिछले दिनों भाजपा संगठन की हुई मैराथन बैठक के बाद इसके संकेत मिल चुके हैं कि इस चुनाव में युवाओं को मौका दिया जाएगा। स्थानीय निकायों और पंचायत चुनाव म...और पढ़ें

By Shashank Shekhar BajpaiEdited By: Shashank Shekhar Bajpai
Publish Date: Thu, 12 Dec 2024 04:36:51 PM (IST)Updated Date: Fri, 13 Dec 2024 11:24:44 AM (IST)
Chhattisgarh Panchayat Chunav: निकाय और पंचायत चुनावों में नए चेहरों को मौका दे सकती है भाजपा

HighLights

  1. बड़े नेताओं को टिकट न मिलने से उनमें नाराजगी का डर है।
  2. वार्डों के आरक्षण के लिए जिला कलेक्टर प्राधिकारी नियुक्त l
  3. राजपत्र में आरक्षण सीमा की अधिसूचना की गई प्रकाशित।

राज्य ब्यूरो, रायपुर। निकाय और पंचायत चुनावों को लेकर भाजपा व कांग्रेस अपनी-अपनी रणनीति बनाने में लग गई हैं। एक दूसरे पर तीखे कटाक्ष भी करने लगी हैं। भाजपा संगठन से जुड़े लोगों का कहना है कि इस वर्ष निकाय और पंचायत चुनाव में भाजपा नए युवा चेहरों को मौका दे सकती है।

पिछले दिनों भाजपा संगठन की हुई मैराथन बैठक के बाद इसके संकेत मिल चुके हैं। वहीं, स्थानीय निकायों और पंचायत चुनाव में जातीय समीकरण को भुनाने की तैयारी भी है। भाजपा नेताओं का कहना है कि युवा व नए चेहरों को मौका दिया जाएगा। इससे आम कार्यकर्ताओं का उत्साह बना रहेगा।


वरिष्ठ नेताओं की नाराजगी का भी है डर

भाजपा की इस रणनीति के चलते पार्टी के कई वरिष्ठ नेता भी घेरे में आएंगे और टिकट न मिलने से उनमें नाराजगी का भी भय है। इसे देखते हुए ही पार्टी ने निगम-मंडल में होने वाली राजनीतिक नियुक्तियां टाली है, ताकि लोगों की नाराजगी दूर की जा सके।

वहीं, दूसरी ओर बुधवार को राज्य सरकार ने नगर निगम, नगर पालिका, नगर पंचायतों के वार्डों में आरक्षण के लिए जिला कलेक्टर को विहित प्राधिकारी नियुक्त किया है। इसके साथ ही महापौर, पालिका, नगर पंचायत अध्यक्ष के लिए अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति, ओबीसी व महिला आरक्षण की अधिसूचना भी जारी कर दी है।

राजपत्र में प्रकाशित अधिसूचना के अनुसार नगर पालिका में अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति की जनसंख्या 50 प्रतिशत से कम होने पर वहां शेष स्थान ओबीसी वर्ग के लिए आरक्षित होंगे। किसी भी सूरत में आरक्षण 50 प्रतिशत से अधिक नहीं होगा। आरक्षण लॉटरी से निकाले जाएंगे। अगर किसी निकाय में अनुसूचित जाति या जनजाति की जनसंख्या 50 प्रतिशत या उससे ज्यादा है, तो ओबीसी का आरक्षण उस निकाय में शून्य माना जाएगा।

20 के बाद कभी भी लग सकती है आचार संहिता

20 दिसंबर के बाद नगरीय निकाय व त्रिस्तरीय पंचायत चुनावों की घोषणा हो सकती है और घोषणा होते ही आचार संहिता लग जाएगी। संभावना जताई जा रही है कि ये चुनाव बजट सत्र के पहले हो जाएंगे और चार से पांच चरणों में पूरे किए जाएंगे।

यह भी पढ़ें- सौर ऊर्जा से रोशन होंगी छत्तीसगढ़ की हाउसिंग सोसाइटीज, बिजली का बिल भी होगा कम

naidunia_image

नगर पंचायतों में पर्यवेक्षक, तो निगमों में नियुक्त होंगे प्रभारी

प्रदेश के सभी नगर पंचायतों और पालिकाओं में पर्यवेक्षक तथा नगर निगमों में प्रभारी नियुक्त किए जाएंगे। कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष दीपक बैज ने इसके निर्देश दिए हैं। बैज ने बुधवार को राजीव भवन में जिला और शहर अध्यक्षों की बैठक को संबोधित करते हुए कहा कि नगर पंचायतों और पालिकाओं में पर्यवेक्षकों की नियुक्तियां कर दें।

निगमों के लिए प्रभारी की नियुक्ति प्रदेश स्तर पर की जाएगी। उन्होंने बूथ सेक्टर, जोन व ब्लॉक में खाली पदों पर शीघ्र नियुक्ति के भी निर्देश दिए। बैठक में नगरीय निकाय और त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव की रणनीति और धान खरीदी केंद्रों में फैली अव्यवस्था को लेकर आंदोलन की रणनीति पर चर्चा की।

यह भी पढ़ें- पर्यटन को बढ़ावा: सबसे बड़े शिवलिंग के प्राकृतिक प्रतिकृति के रूप में दर्ज हुआ मधेश्वर पहाड़

दीपक बैज ने संविधान रक्षक कार्यक्रम, पिछले माह दिए गए कार्यक्रमों तथा मासिक बैठक की भी समीक्षा की। बैठक में वरिष्ठ नेता एवं पूर्व गृहमंत्री ताम्रध्वज साहू, प्रदेश कांग्रेस संचार विभाग अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला, महामंत्री दीपक मिश्रा, रायपुर शहर के जिलाध्यक्ष गिरीश दुबे आदि मौजूद थे।