
लाइफस्टाइल डेस्क। सर्दियों का मौसम बागवानी के शौकीनों के लिए खास होता है। इस मौसम में जहां सुबह की हल्की धूप और ठंडी हवाएं सुकून देती हैं, वहीं घर की बालकनी, छत और आंगन को रंग-बिरंगे फूलों से सजाने का भी अच्छा अवसर मिलता है। विशेषज्ञों के अनुसार अक्टूबर से नवंबर का समय सर्दियों के मौसमी फूलों के पौधे लगाने के लिए अनुकूल माना जाता है।
सही पौधों का चुनाव, उपयुक्त मिट्टी और नियमित देखभाल से घर का छोटा-सा गार्डन भी फूलों से महक सकता है। खास बात यह है कि इसके लिए बड़े बगीचे की जरूरत नहीं है।
गमलों, हैंगिंग पॉट्स और छोटी-सी बालकनी में भी खूबसूरत गार्डन तैयार किया जा सकता है। सर्दियों में गेंदा, गुलदाउदी, पेटूनिया, डहेलिया, कैलेंडुला, फ्लाक्स, पैंजी और स्वीट एलिसम जैसे फूलों के पौधे लगाए जा सकते हैं।
गेंदा अपने चमकीले पीले और नारंगी रंग के कारण गार्डन को आकर्षक बनाता है। गुलदाउदी की विभिन्न रंगों और आकारों वाली किस्में गमलों की सुंदरता बढ़ाती हैं। वहीं पेटूनिया के गुलाबी, बैंगनी, सफेद और लाल फूल बालकनी को रंगीन बना देते हैं।
पौधों की अच्छी बढ़त के लिए मिट्टी का सही मिश्रण तैयार करना जरूरी है। सामान्य तौर पर बगीचे की मिट्टी में वर्मी कम्पोस्ट या अच्छी तरह सड़ी जैविक खाद मिलाई जा सकती है। गमले में पानी निकलने के लिए पर्याप्त छेद होने चाहिए, ताकि अतिरिक्त पानी जमा न हो और जड़ों को नुकसान न पहुंचे।
पौधों को ऐसे स्थान पर रखें, जहां उन्हें पर्याप्त प्राकृतिक रोशनी मिल सके। अधिकांश मौसमी फूलों को रोजाना लगभग चार से छह घंटे धूप की जरूरत हो सकती है, हालांकि यह पौधे की किस्म और मौसम पर निर्भर करता है। यदि बालकनी में सीधी धूप कम आती है, तो कम रोशनी सहन करने वाले पौधों का चुनाव करना बेहतर होगा।
सर्दियों में तापमान कम होने के कारण मिट्टी से पानी का वाष्पीकरण धीमा हो जाता है। ऐसे में गर्मियों की तुलना में पौधों को कम पानी की जरूरत पड़ सकती है। रोजाना पानी देने के बजाय पहले मिट्टी की ऊपरी परत को छूकर देखें। यदि मिट्टी नम है, तो पानी देने से बचें। जरूरत होने पर सुबह के समय पानी देना बेहतर रहता है।
पौधों की सूखी पत्तियों और मुरझाए फूलों को समय-समय पर हटाते रहें। इससे पौधे की सुंदरता बनी रहती है और कुछ फूलों वाले पौधों में नए फूल आने को प्रोत्साहन मिलता है। खाद का इस्तेमाल पौधे की जरूरत और निर्धारित मात्रा के अनुसार करें। बहुत अधिक खाद डालने से भी पौधों को नुकसान हो सकता है।
गृहिणी नेहा अग्रवाल ने कहा कि सर्दियों में मुझे अपने घर की बालकनी में फूलों के पौधे लगाना पसंद है। गेंदा, गुलदाउदी और पेटूनिया के फूलों से बालकनी खूबसूरत दिखाई देती है। सुबह पौधों को पानी देना, सूखी पत्तियां हटाना और उनकी बढ़त देखना मेरी दिनचर्या का हिस्सा है। थोड़ी-सी जगह में भी अच्छा गार्डन तैयार किया जा सकता है।
गृहिणी अर्चना जैन बताती है कि पहले मुझे लगता था कि पौधे लगाने के लिए बड़े गार्डन की जरूरत होती है, लेकिन अब मैं गमलों में ही फूल और हरी सब्जियां उगाता हूं। सर्दियों में धनिया, मेथी और पालक के साथ गेंदा व गुलदाउदी लगाता हूं। मेरा अनुभव है कि पौधों को जरूरत के अनुसार पानी देना और पर्याप्त धूप उपलब्ध कराना सबसे जरूरी है।