
नईदुनिया प्रतिनिधि, भिंड। दीपावली पर अपनों के साथ त्योहार मनाने के लिए दूसरे शहरों में रहने वाले लोगों की घर वापसी शुरू हो गई है। ट्रेनों में लंबी वेटिंग और कई ट्रेनों में नो रूम की स्थिति के चलते यात्रियों को बसों का सहारा लेना पड़ रहा है।
यात्रियों की इसी मजबूरी का बस ऑपरेटर जमकर फायदा उठा रहे हैं। सामान्य दिनों की तुलना में दो से तीन गुना तक किराया वसूला जा रहा है। जयपुर, दिल्ली और अहमदाबाद रूट पर यात्रियों को सबसे ज्यादा परेशानी उठानी पड़ रही है।
इतना ही नहीं, अधिक किराया लेने के बावजूद बसों में क्षमता से अधिक सवारियां बैठाई जा रही हैं। स्लीपर सीट पर तीन-तीन यात्रियों को बैठाने से सफर मुश्किल होने के साथ हादसे का खतरा भी बढ़ गया है। जयपुर का 450 का किराया 800 रुपये तक पहुंचा, भिंड से जयपुर का सामान्य किराया करीब 450 रुपये है, लेकिन त्योहार पर वापसी में यात्रियों से 700 से 800 रुपये तक वसूले जा रहे हैं।
अहमदाबाद का सामान्य किराया करीब 500 रुपये है, लेकिन स्लीपर सीटों पर अतिरिक्त सवारियां बैठाकर दोगुना किराया लिया जा रहा है। वहीं दिल्ली का सामान्य किराया 350 से 400 रुपये है, जो बढ़कर 600 से 700 रुपये तक पहुंच गया है।
रूट पर बढ़ाई बसें, फिर भी यात्रियों को परेशानी
त्योहार पर यात्रियों की संख्या बढ़ने से बस ऑपरेटरों ने विभिन्न रूट पर बसों की संख्या भी बढ़ा दी है। भिंड-दिल्ली रूट पर 10 की जगह 15, जयपुर रूट पर 8 की जगह 12 और अहमदाबाद रूट पर 15 की जगह 20 बसें संचालित की जा रही हैं।
इसके बावजूद यात्रियों से मनमाना किराया वसूला जा रहा है। ओवरलोडिंग से यात्रियों की जान जोखिम में -बसों में सीटें भरने के बाद भी यात्रियों को गलियारों में बैठाया जा रहा है। स्लीपर बसों में एक सीट पर तीन यात्रियों को बैठाने की शिकायतें हैं।
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आपात स्थिति में यात्रियों के बाहर निकलने तक की जगह नहीं बचती। इसके बावजूद परिवहन विभाग की प्रभावी निगरानी नजर नहीं आ रही है।
यात्रियों ने बताई परेशानी
मैं परिवार को लेने अहमदाबाद जा रहा हूं। भिंड से वहां जाने का किराया सामान्य है, लेकिन वापसी में सिंगल स्लीपर का किराया तीन गुना तक देना पड़ रहा है। ट्रेनों में सीट नहीं मिलने से मजबूरी में बस से परिवार को लाना पड़ रहा है। संदीप बरैठा, नौधा बसंतपुरा, रौन
स्लीपर की एक सीट पर तीन-तीन यात्रियों को बैठाया जा रहा है। अधिक किराया देने के बाद भी सफर में परेशानी हो रही है। त्योहार पर घर तो लौटना ही है, लेकिन बसों के बढ़े हुए किराये पर रोक लगनी चाहिए। मायाराम शर्मा, मेहगांव
बसों में यात्रियों से अधिक किराया लिया जा रहा है तो यात्री हमारे कार्यालय में शिकायत करें। हम तुरंत कार्रवाई करेंगे। आरके सोनी, आरटीओ भिंड
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