
नईदुनिया प्रतिनिधि, डिंडौरी। अखिल भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस पार्टी में प्रदेश स्तर से हो रही नियुक्ति को लेकर बडी लापरवाही सामने आ रही है। मनमानी की हद तो पार्टी में यहां तक पहुंच गई कि दो वर्ष पहले कांग्रेस से इस्तीफा देकर भाजपा ज्वॉइन करने वाली मालती तिवारी को प्रदेश महासचिव की अहम जिम्मेदारी तक देने का नियुक्ति पत्र जारी कर दिया गया। कांग्रेस का नियुक्ति पत्र वायरल होने के बाद जहां कांग्रेस के जिलाध्यक्ष ओमकार सिंह मरकाम स्वयं हतप्रभ हैं, वहीं कांग्रेस प्रदेश महासचिव नियुक्त हुई भाजपा नेत्री को भी वीडियो जारी कर खंडन करना पड रहा है।
इस पूरे मामले में कांग्रेस संगठन जहां बचाव की मुद्रा में नजर आ रहा है, वहीं भाजपा संगठन हमलावर होकर चुटकी ले रहा है। गौरतलब है कि वर्तमान में भाजपा जिला मंत्री का दायित्व संभाल रहीं अमरपुर क्षेत्र से जनपद सदस्य मालती तिवारी को कांग्रेस महिला उत्पीडन निवारण प्रकोष्ठ का प्रदेश महासचिव नियुक्त किया गया है। नियुक्ति का पत्र भी इंटरनेट मीडिया में वायरल हो रहा है। इस मामले में नईदुनिया से चर्चा के दौरान कांग्रेस जिलाध्यक्ष ओमकार सिंह मरकाम ने कहा कि मुझसे किसी ने नियुक्ति को लेकर नहीं पूछा, तो भाजपा जिलाध्यक्ष ने चुटकी लेते हुए कहा कि कांग्रेस के पास पदाधिकारी बनाने के लिए लोग ही नहीं हैं। ऐसे में उन्हें कापी पेस्ट करके सूची जारी करनी पड रही है। इस नियुक्ति के बाद से ही आरोप प्रत्यारोप का दौर तेज हो गया है।
मध्यप्रदेश कांग्रेस कमेटी के प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी के निर्देशानुसार संगठन प्रभारी महासचिव डा. संजय कामले की सहमति से महिला उत्पीडन निवारण प्रकोष्ठ की अध्यक्ष प्रियंका किरार द्वारा 17 जनवरी 2026 की तिथि से अधिकृत तौर पर जो नियुक्ति पत्र जारी किया गया उसमें डिंडौरी जिले से मालती तिवारी को प्रदेश महासचिव नियुक्त किया गया है। संबंधित कांग्रेस के लेटर पैड में जारी नियुक्ति पत्र में चार उपाध्यक्ष भी बनाए गए हैं। महासचिव जैसे पद की बडी जिम्मेदारी भाजपा नेत्री को किस आधार पर और किसकी सहमति से दी गई यह बडा सवाल बन रहा है।
मनमानी तो और तक सामने आई जब भाजपा नेत्री मालती तिवारी ने बताया कि नियुक्ति से पहले न तो किसी का फोन आया और न ही उनसे किसी ने पूछा। वे स्वयं कांग्रेस की सूची में अपना नाम देखकर दंग रह गईं। इस मामले में कांग्रेस जिलाध्यक्ष ने प्रदेश संगठन से इस लापरवाही पर चर्चा करने की बात भी कही है। नियुक्ति के बाद भाजपा जिलाध्यक्ष ने भाजपा नेत्री मालती तिवारी से भी चर्चा कर वीडियो बनाकर खंडन जारी करने की बात कही थी। कांग्रेस में नियुक्ति को लेकर इतनी बडी चूक राजनीतिक गलियारों में चर्चा का विषय बनी हुई है।
मैंने लोकसभा चुनाव के पहले ही कांग्रेस छोडकर भाजपा की सदस्यता ले ली थी। वर्तमान में मैं भाजपा जिला मंत्री भी हूं। पूरी निष्ठा के साथ मैं भाजपा के साथ काम कर रही हूं। कांग्रेस में नियुक्ति को लेकर मैं तो स्वयं आश्चर्यचकित रह गई। न तो मुझसे नियुक्ति के पहले पूछा गया- मालती तिवारी, भाजपा जिला मंत्री डिंडौरी।
मालती तिवारी दो वर्ष पहले ही कांग्रेस छोडकर अधिकृत तौर पर भाजपा की सदस्यता ले चुकी हैं। वर्तमान में वे भाजपा जिला मंत्री का दयित्व भी पूरी निष्ठा के साथ संभाल रही हैं। कांग्रेस में उनकी नियुक्ति को लेकर मैंने उनसे चर्चा की है। उन्होंने वीडियो जारी कर इसका खंडन कर दिया है। कांग्रेस की यह दुर्गति है कि उन्हें पदाधिकारी बनाने के लिए कोई नहीं मिल रहा है। इसी के चलते उन्हें मनमानी पूर्वक कापी पेस्ट करते हुए पदाधिकारियों की सूची जारी करनी पड रही है। इसकी कांग्रेस को चिंता करनी चाहिए- चमरू सिंह नेताम, भाजपा जिला अध्यक्ष डिंडौरी।
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यह जानकारी मुझे मिली है कि भाजपा जिला मंत्री मालती तिवारी को कांग्रेस पार्टी में महिला उत्पीडन निवारण प्रकोष्ठ का प्रदेश महासचिव बना दिया गया है। मुझसे न तो इस नियुक्ति के संबंध में पूछा गया और न ही जानकारी ली गई थी। इसकी जानकारी मैं प्रदेश संगठन से लूंगा, कि यह गलती कैसे हुई- ओमकार सिंह मरकाम, कांग्रेस जिलाध्यक्ष व विधायक डिंडौरी।