• Jagran.com
  • Jagran Josh
  • Her Zindagi
  • Onlymyhealth
  • Jagran TV
  • Vishvas News
  • Inextlive
  • मेरी खबरें
मेरी खबरें
  • होम
  • ताजा खबरें
  • मध्यप्रदेश
  • छत्तीसगढ़
  • उत्तर प्रदेश
  • देश
  • धर्म
  • मनोरंजन
  • राशिफल
  • लाइफस्टाइल
  • अन्य
    • बिज़नेस
    • बड़ी खबरें
    • खेल
    • विदेश
    • करियर
    • टॉपिक्स
    • टेक्नोलॉजी
    • शिक्षा
  • राज्य चुनें
  • ई-पेपर
  • राशिफल
  • राज्य चुनें
  • ई-पेपर
  • फटाफट
  • राशिफल
  • वेब स्टोरीज
नईदुनिया ट्रेंडिंग
  • बढ़ता यूपी
  • समृद्ध उत्तराखंड
  • गणेशोत्‍सव 2026
  • हनुमान अंश
  • मध्‍य प्रदेश की खबरें
  • राशि परिवर्तन
  • मानसून
  • वास्‍तु शास्‍त्र
  • स्वच्छ जल
  • होम
  • मध्य प्रदेश
  • ग्वालियर

ग्वालियर: 151 आउटसोर्स कर्मचारी भर्ती से अब वेतन संकट, प्रक्रिया में गड़बड़ी उजागर, बिना पद के कर्मचारियों की हुई नियुक्ति

स्वास्थ्य विभाग में आउटसोर्स कर्मचारियों की भर्ती में हुई कथित अनियमितताओं का असर अब सीधे कर्मचारियों के वेतन भुगतान पर पड़ने लगा है।

By Digital DeskEdited By: Nitin Kumar
Publish Date: Sun, 13 Sep 2026 09:42:15 AM (IST)Updated Date: Sun, 13 Sep 2026 10:31:43 AM (IST)
ग्वालियर: 151 आउटसोर्स कर्मचारी भर्ती से अब वेतन संकट, प्रक्रिया में गड़बड़ी उजागर, बिना पद के कर्मचारियों की हुई नियुक्ति
आउटसोर्स भर्ती प्रक्रिया में गड़बड़ी से गहराया वेतन संकट (प्रतीकात्मक फोटो)

HighLights

  1. आउटसोर्स कर्मचारी भर्ती से वेतन संकट
  2. बिना पद के कर्मचारियों की हुई नियुक्तियां
  3. आवंटित बजट समय से पहले हुआ समाप्त

नईदुनिया प्रतिनिधि, ग्वालियर। स्वास्थ्य विभाग में आउटसोर्स कर्मचारियों की भर्ती में हुई कथित अनियमितताओं का असर अब सीधे कर्मचारियों के वेतन भुगतान पर पड़ने लगा है। निर्धारित संख्या से अधिक कर्मचारियों की भर्ती किए जाने के कारण सितंबर तक वेतन भुगतान के लिए उपलब्ध राशि जून में ही समाप्त हो गई।

मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी द्वारा गठित दो सदस्यीय जांच दल की पड़ताल में सामने आया है कि विभिन्न स्वास्थ्य संस्थाओं में 151 आउटसोर्स कर्मचारी अतिरिक्त भर्ती कर लिए गए थे।

जांच में यह भी सामने आया कि संजीवन क्लीनिक और शहरी स्वास्थ्य संस्थाओं में आउटसोर्स कर्मचारियों की नियुक्ति का प्रावधान नहीं होने के बावजूद वहां कर्मचारियों की पदस्थापना कर दी गई।

निर्धारित पदों से अधिक भर्ती होने के कारण वेतन मद पर अतिरिक्त वित्तीय भार पड़ा और कर्मचारियों के भुगतान के लिए आवंटित बजट समय से पहले समाप्त हो गया। मामला पूर्व मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉक्टर सचिन श्रीवास्तव के कार्यकाल से जुड़ा है।


यह भी पढ़ें- ग्वालियर संभाग में 3187 लीटर अवैध शराब जब्त, 122 तस्कर गिरफ्तार

दो सदस्यीय दल से कराई जांच

आउटसोर्स कर्मचारियों की भर्ती और उन्हें निर्धारित दर से कम वेतन दिए जाने की शिकायत मिलने के बाद वर्तमान मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी ने दो सदस्यीय दल से मामले की जांच कराई थी। जांच दल में जिला स्वास्थ्य अधिकारी डॉक्टर जगदीश राजपूत और डॉक्टर पवन जैन शामिल थे।

जिन पदों का प्रावधान नहीं, वहां भी नियुक्तियां

जांच का सबसे गंभीर बिंदु यह सामने आया कि कुछ स्वास्थ्य संस्थाओं में आउटसोर्स कर्मचारियों की नियुक्ति का प्रावधान ही नहीं था। इसके बावजूद वहां कर्मचारियों की पदस्थापना की गई।

अब जांच रिपोर्ट के आधार पर यह तय किया जाएगा कि अतिरिक्त नियुक्तियों के लिए जिम्मेदार कौन है और सरकारी राशि के उपयोग में हुई कथित अनियमितताओं के लिए किस स्तर पर कार्रवाई की जाएगी।

यह भी पढ़ें- ग्वालियर की सड़कों पर छलक रही है शराब...सरकार ने 'अड्डे' किए बंद, लोगों ने सड़क और सीढ़ियों को बनाया बार