
नईदुनिया प्रतिनिधि, इंदौर। भागीरथपुरा में दूषित पानी के कारण बीमार हो रहे मरीजों की संख्या कम नहीं हो रही है। बुधवार को भी 24 नए मरीज मिले हैं। इनमें से चार को अस्पताल में भर्ती करवाया गया है। एक माह से अधिक समय से दूषित पानी के कारण संक्रमित दो वर्ष का युवान शर्मा संघर्ष कर रहा है। यह भागीरथपुरा का ही रहने वाला है। दूषित पानी के कारण उसे उल्टी-दस्त की शिकायत हुई। इसके बाद संक्रमण इतना फैल गया कि उसके पेट में पानी भरने की समस्या होने लगी।
इसके बाद एमवाय अस्पताल में उसकी सर्जरी हुई, अभी भी वह अस्पताल में ही भर्ती है। पहले बच्चे को निजी अस्पताल में भर्ती करना पड़ा था, इसके बाद परिवार की आर्थिक स्थिति ठीक नहीं होने के कारण एमवायएच में भर्ती करवाया है। बच्चे के पिता ने बताया कि सर्दी-खांसी के बाद उसे उल्टी-दस्त की समस्या शुरू हुई। इसके बाद हम निजी अस्पताल में इलाज के लिए ले गए। 12 दिन वहां भर्ती करने के बाद आर्थिक स्थिति ठीक नहीं होने के कारण एमवायएच लेकर आए।
यहां पहले उसे न्यू चेस्ट वार्ड में भर्ती करवाया, इसके बाद सर्जरी के लिए एमवायएच में भेज दिया। अभी उसकी हालत में सुधार है। बच्चे के पिता की इच्छा है कि बच्चे को अच्छा इलाज मिले और वह स्वस्थ होकर घर लौट जाए। शासन से हमारी यह भी मांग है कि हमें आर्थिक सहयोग भी मिले, ताकि बच्चे की परवरिश अच्छे से हो सके।
इधर भागीरथपुरा के बाद मालवीय नगर स्थित कृष्ण बाग कॉलोनी में भी दूषित पानी के कारण बीमार होने के मामले सामने आ रहे हैं। क्षेत्र से 14 माह की दो बच्चियों को उल्टी-दस्त की शिकायत के बाद चाचा नेहरू अस्पताल लेकर आए। यहाँ से इलाज के लिए उन्हें निजी अस्पताल में रेफर किया गया है। बच्चियों के नाम सानवी और सिद्धि है।
पिता चंदन सिंह ने बताया कि चार-पांच दिनों से दोनों को उल्टी दस्त की समस्या हो रही है। हमारे क्षेत्र में अन्य बच्चे भी इसी समस्या से पीड़ित हैं। अभी बच्चियों की हालत में सुधार है। इसके अलावा अस्पतालों में शहर के विभिन्न क्षेत्रों से दूषित पानी के कारण उल्टी-दस्त की समस्या लेकर मरीज आ रहे हैं।
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