
नईदुनिया प्रतिनिधि, जबलपुर। 12, 24, 30 और 35 वर्ष की सेवा अवधि के आधार पर प्रस्तुत किए गए प्रस्तावों का दोबारा परीक्षण किया जाएगा। इस संबंध में जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय की ओर से आदेश जारी कर संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दस्तावेजों के साथ उपस्थित होने के निर्देश दिए गए हैं।
जारी आदेश के अनुसार, जबलपुर और सिहोरा विकासखंड के अंतर्गत आने वाले सभी संबंधित संकुल प्राचार्यों को निर्देशित किया कि अधीनस्थ शिक्षकों की मूल सेवा पुस्तिकाएं लेकर 5 नवंबर को सुबह 11 बजे जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय के सभा कक्ष में उपस्थित हों।
प्रत्येक संकुल से एक लिपिक को भी साथ लाना अनिवार्य किया गया है, ताकि प्रस्तुत प्रस्तावों और सेवा अभिलेखों का मिलान कर उनका परीक्षण किया जा सके।
इस पूरी प्रक्रिया के बीच एक महत्वपूर्ण बात यह भी सामने आ रही है कि कई शिक्षकों के क्रमोन्नत वेतनमान संबंधी आवेदन अभी तक संकुल स्तर पर ही लंबित हैं। आरोप हैं कि कुछ संकुलों में बाबुओं द्वारा शिक्षकों के आवेदन आगे नहीं बढ़ाए जा रहे हैं। ऐसे में आशंका है कि जिन शिक्षकों ने पहले ही आवेदन प्रस्तुत कर दिए हैं, उनके प्रकरण परीक्षण की प्रक्रिया से बाहर न रह जाएं।
जिला शिक्षा अधिकारी के आदेश में स्पष्ट किया गया है कि किसी भी पात्र शिक्षक का आवेदन परीक्षण से छूटना नहीं चाहिए। यदि किसी शिक्षक ने पूर्व में आवेदन दिया है और उसका प्रस्ताव सूची में शामिल नहीं किया गया है, तो संबंधित संकुल प्राचार्य उसकी मूल सेवा पुस्तिका के साथ उपस्थित होंगे। बाद में किसी शिक्षक की ओर से आवेदन छूटने की शिकायत प्राप्त होने पर संबंधित संकुल प्राचार्य की जिम्मेदारी तय करते हुए कठोर कार्रवाई की जाएगी।