
नईदुनिया प्रतिनिधि, जबलपुर। हाई कोर्ट ने सीहोर जिले के चंद्रबद ग्राम में पार्वती बांध परियोजना के डूब प्रभावित क्षेत्र में शासकीय स्कूल का नया भवन बनाए जाने के मामले में राज्य सरकार से जवाब मांगा है।
मुख्य न्यायाधीश अल्पेश यशवंत कोगजे व न्यायमूर्ति विवेक रूसिया की युगलपीठ ने सरकार को डूब क्षेत्र में स्कूल निर्माण और विद्यार्थियों की सुरक्षा से संबंधित विशिष्ट कानूनी प्रविधानों का उल्लेख करते हुए जवाब प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं।
यह याचिका जगदीश गुर्जर, गुलाब सिंह व नंदराम अहिरवार ने दायर की है। याचिकाकर्ताओं की ओर से अधिवक्ता दिनेश उपाध्याय ने पक्ष रखा। याचिका के अनुसार खसरा नंबर 33/1 की कुल 4.293 हेक्टेयर भूमि में से 4.213 हेक्टेयर क्षेत्र डूब में आ गया है।
इसी क्षेत्र में बने पुराने शासकीय स्कूल भवन को अन्यत्र स्थानांतरित करने के बजाय नया भवन महज 20 फीट की दूरी पर बनाया जा रहा है। अधिवक्ता उपाध्याय ने तर्क दिया कि डूब क्षेत्र के समीप स्कूल होने से प्राथमिक कक्षाओं के बच्चों की सुरक्षा प्रभावित हो सकती है।
बच्चे आसपास खेलते समय दुर्घटना का शिकार हो सकते हैं। निर्माण को अव्यावहारिक बताते हुए सरकारी धन की बर्बादी का मुद्दा भी उठाया गया। सरकारी अधिवक्ता डॉक्टर एसएस चौहान के अनुरोध पर युगलपीठ पीठ ने मामले की सुनवाई दो सप्ताह बाद निर्धारित की है। सरकार को इस दौरान जवाब दाखिल करना होगा।
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