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शिक्षक को बताया वकील, जेल से 300 से ज्यादा वकालतनामे कराए, हाई कोर्ट ने जांच के दिए आदेश

रीवा जेल के तत्कालीन अधीक्षक की भूमिका की भी जांच होगी, जबकि स्टेट बार काउंसिल अधिवक्ता के खिलाफ गलत शपथपत्र के मामले में कार्रवाई करेगी।

By Ramkrishan paramhans pandeyEdited By: Dheeraj kumar Bajpai
Publish Date: Wed, 02 Sep 2026 08:54:04 PM (IST)Updated Date: Wed, 02 Sep 2026 08:54:04 PM (IST)
शिक्षक को बताया वकील, जेल से 300 से ज्यादा वकालतनामे कराए, हाई कोर्ट ने जांच के दिए आदेश
कथित रूप से गलत जानकारी देने के गंभीर मामले में कड़ा रुख अपनाया।

HighLights

  1. अधिवक्ता राम प्रकाश यादव के शपथपत्र में प्रथमदृष्टया गलत जानकारी
  2. वकील के शपथपत्र में गलत जानकारी देने पर हाई कोर्ट हुआ सख्त
  3. शिक्षा विभाग, जेल प्रशासन व स्टेट बार काउंसिल 30 दिन में दें रिपोर्ट

नईदुनिया प्रतिनिधि, जबलपुर। हाई कोर्ट ने फर्जी वकालतनामे और शपथपत्र में कथित रूप से गलत जानकारी देने के गंभीर मामले में कड़ा रुख अपनाया है। न्यायमूर्ति विवेक अग्रवाल व न्यायमूर्ति अवनीन्द्र कुमार सिंह की युगलपीठ ने पाया कि जिस नीरज कुमार साकेत को अधिवक्ता बताया गया था, वह वास्तव में रीवा जिले के सरकारी स्कूल में अंग्रेजी के गेस्ट लेक्चरर, ग्रेड टू के पद पर कार्यरत हैं।

अधिवक्ता बताए जाने को प्रथमदृष्टया गलत जानकारी माना

कोर्ट ने अधिवक्ता राम प्रकाश यादव के शपथपत्र में नीरज साकेत को अधिवक्ता बताए जाने को प्रथमदृष्टया गलत जानकारी माना। हाई कोर्ट ने स्कूल शिक्षा विभाग, रीवा सेंट्रल जेल प्रशासन व एमपी स्टेट बार काउंसिल को अलग-अलग जांच कर 30 दिन में रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं।


आरोपितों के वकालतनामे प्राप्त करने का अधिकार नहीं बनता

सुनवाई में यह भी सामने आया कि नीरज साकेत ने राम प्रकाश यादव के लिए 30 वकालतनामे प्राप्त किए थे। कोर्ट ने कहा कि यदि उनका किसी आरोपित से पारिवारिक संबंध भी हो, तो अन्य आरोपितों के वकालतनामे प्राप्त करने का अधिकार नहीं बनता।

300 से अधिक वकालतनामे प्राप्त किए गए

कोर्ट के समक्ष प्रस्तुत जानकारी के अनुसार रीवा सेंट्रल जेल से अधिवक्ता राम प्रकाश यादव के लिए 300 से अधिक वकालतनामे प्राप्त किए गए। हाई कोर्ट ने मामले की जांच के निर्देश दिए। रीवा जेल के तत्कालीन अधीक्षक की भूमिका की भी जांच होगी, जबकि स्टेट बार काउंसिल अधिवक्ता के खिलाफ गलत शपथपत्र के मामले में कार्रवाई करेगी।

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