
नईदुनिया प्रतिनिधि, जबलपुर: जबलपुर में इन दिनों सोशल मीडिया में इन दिनों एक महिला का वीडियो वायरल हो रहा है। यह महिला खुद को भाजपा की नेत्री बता रही है। पिछले दिनों मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के जबलपुर प्रवास के दौरान महिला ने मानस भवन के पास मुख्यमंत्री को रोककर शिकायत दी थी। उस वक्त मीडिया से बात करते हुए भाजपा महिला नेत्री शिखा शर्मा ने आरोप लगाया कि मदन महल पुलिस ने एक दुकान मालिक से साठगांठ कर जबरन दुकान खाली करवाई।
दूसरी ओर, दुकान मालिक रवि पटेल का कहना है कि संबंधित दुकान एग्रीमेंट के आधार पर किराए पर दी गई थी, लेकिन शिखा शर्मा न तो नियमित किराया दे रही थीं और न ही दुकान खाली कर रही थीं। रवि पटेल ने मदन महल थाना और तहसीलदार कार्यालय में लिखित शिकायतें भी दी थीं, लेकिन प्रभावशाली राजनीतिक रसूख के चलते कोई ठोस कार्रवाई नहीं होने का आरोप लगाया जा रहा है। इस बिंदु पर प्रशासन की भूमिका भी सवालों के घेरे में है।
मामले में नया और सबसे सनसनीखेज मोड़ उस समय आया, जब शिखा शर्मा का एक कथित वीडियो इंटरनेट पर प्रसारित हुआ। इसमें वह स्वयं तीन-तीन हत्या करने का दावा करती नजर आ रही हैं। यही नहीं महिला वीडियो मेंं कह रही है कि उस वक्त जबलपुर जिले में पदस्थ रहे पुलिस अधिकारी दीपक मिश्रा और राजेश तिवारी से पूछ सकते हैं कि उसने किस प्रकार से मर्डर किए हैं।
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बड़ी बड़ी डींगे हांक रही महिला यह भी कह रही है कि वो चाहे जिसकी हत्या कर सकती है और आराम से घूमती है। दो पुलिस अधिकारियों के नाम लिए जाने की भी चर्चाएं हैं। हालांकि प्रशासन की ओर से अब तक वीडियो की आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है, लेकिन इसके सामने आते ही शहरभर में चर्चाओं का बाजार गर्म हो गया है।
पूरे मामले में प्रदेश महिला मोर्चा की अध्यक्ष अश्वनी परांजपे ने कहा कि उक्त महिला पूर्व में कभी भाजपा की सदस्य थी जिसे काफी वर्षो पहले ही पार्टी से निष्कासित किया गया है। उन्होंने पूरे मामले से अनभिज्ञता जाहिर की।