
डिजिटल डेस्क। अलीगढ़ के दादों क्षेत्र के आलमपुर चौराहे पर शनिवार को ड्यूटी के दौरान एक दारोगा पर जानलेवा हमला हुआ। इटावा जिले के सहसो क्षेत्र के ग्राम सिंडौस निवासी दारोगा राजवीर सिंह रक्षाबंधन पर्व के मद्देनज़र शांति व्यवस्था के लिए तैनात थे। बारिश के कारण वह आलमपुर चौराहे पर कोठारी कपड़े की दुकान में बैठे थे।
इस दौरान सिहानी फरीदपुर के प्रधान देवेंद्र यादव अपने साथी अरविंद, शैलेश और संतोष के साथ वहां पहुंचे। सभी लाठी-डंडों से लैस थे। आरोप है कि उन्होंने गाली-गलौच करते हुए कहा, 'तू चैकिंग में ज्यादा चालान करता है' और फिर जान से मारने की नीयत से हमला कर दिया। इससे पहले कि दारोगा थाने में सूचना देते, आरोपियों ने उनका मोबाइल फोन और पर्स छीन लिया, जिसमें आधार कार्ड, एटीएम और पहचान पत्र रखा था।
पीड़ित के मुताबिक, बाहर चौराहे पर खड़े नगरिया सिहानी निवासी ननुका और वेद प्रकाश ने भी गाली-गलौच करते हुए मारपीट की। इस दौरान उनकी वर्दी फट गई। शोर सुनकर पास में मौजूद एसआई सचिन कुमार और अभिनव सिंह पहुंचे और किसी तरह उन्हें बचाया।
प्रधान सहित सभी आरोपी जान से मारने की धमकी देकर मौके से फरार हो गए। घायल दारोगा को छर्रा सीएचसी में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज चल रहा है। पुलिस ने प्रधान समेत छह लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है और आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए दबिश दी जा रही है। इस घटना से क्षेत्र में सनसनी फैल गई है और पुलिसकर्मियों की सुरक्षा पर सवाल खड़े हो गए हैं।